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1 Comments

  1. भुवन चन्द्र पन्त

    डाँ. बटरोही जी की लेखनी का करिश्मा है कि व्यस्तता के वक्त भी यदि उनके आलेख को सरसरी निगाह से देखने का प्रयास किया जाय तो सारी व्यस्तताऐं दरकिनार होकर आद्योपांत पढ़ने को विवश कर देती हैं । घटनाक्रम को सरल शब्दों में जीवन्तता से प्रस्तुत करने की गज़ब सी शैली ।

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