धसपड़ का झूला और नई ज़िन्दगी
अल्मोड़ा जिले का धसपड़ गांव हाल में राष्ट्रीय सुर्ख़ियों का हिस्सा बना था. धौलछीना ब्लॉक में स्थित धसपड़ गांव को जल संरक्षण व संवर्धन पर बेहरीन कार्य करने हेतु श्रेष्ठ ग्राम पंचायत का प्रथम पुर... Read more
उत्तराखंड के इतिहास का एक महत्वपूर्ण दिन है आज
देश की आजादी के पांच महीने बाद, जनता के शासन की मांग करना और इस मांग के लिए शहादत होना, सुनने में कुछ अजीब सा लगता है. लेकिन उत्तराखंड की तत्कालीन टिहरी रियासत में 11 जनवरी 1948 को दो नौजवान... Read more
समझिए जरा, श्री श्री रविशंकर भी जिम क्यों जाते हैं
चार दिन पहले श्री श्री रविशंकर के अनूठे भक्त, स्वयं भी तेजस्वी व्यक्तित्व के धनी और उतने ही ओजस्वी वक्ता ऋषि नित्यप्रज्ञा का कोविड से देहांत हो गया. संयोग से मैंने अपने कुछ मित्रों के साथ उस... Read more
एडमिन से अनुरोध
प्रति,श्रीमान अड़ेमिन महोदयहाय हाय ग्रुपभट्स ऐप विषय: ग्रुप से रिमूव किये जाने बाबत निवेदन पत्र महोदय, विषय में सादर निवेदन है कि प्रार... Read more
कहानी : मोतिया
चीड़ के पेड़ कब के पीछे छूट गये थे और अब तो ठंडी हवा और सर्पीली सड़क भी गुम हो गई. जानवरों के रेवड़ के साथ मोतिया भी घिसटता हुआ आगे बढ़ रहा था. हांकने वाले निर्दयी के डंडे की मार खाता हुआ मो... Read more
प्रेमचंद की कहानी ‘सुहाग की साड़ी’
यह कहना भूल है कि दाम्पत्य-सुख के लिए स्त्री-पुरुष के स्वभाव में मेल होना आवश्यक है. श्रीमती गौरा और श्रीमान् कुँवर रतनसिंह में कोई बात न मिलती थी. गौरा उदार थी, रतनसिंह कौड़ी-कौड़ी को दाँतो... Read more
बने बने काफल किल्मौड़ो छे,बाड़ामुणी कोमल काकड़ो छगोठन मेंगोरू लैण बाखड़ो छ,थातिन में उत्तम उप्राड़ो छ(Guamani Pant) यौ कविता छू गुमानी ज्यूकि. आज मैं आपूं कैं कुमाउनी भाषक सब्बूं है ठुल मानी... Read more
गर्जना और विद्युत की कहानी
बहुत समय पहले गर्जना (बादलों की आवाज़) और विद्युत (आकाशीय बिजली) बाक़ी सभी लोगों के साथ धरती पर ही रहा करते थे लेकिन राजा ने उन्हें लोगों के घरों से बहुत दूर शहर के दूसरे छोर पर रहने को विवश... Read more
पीहू एक बहुत ही सुलझी हुई, समझदार, खूबसूरत और होशियार बच्ची थी और अपने माता-पिता की इकलौती सन्तान भी. बचपन से ही पीहू पढ़ाई में अव्वल थी. पढ़ाई के साथ साथ माँ का काम में हाथ बंटाना, पापा के... Read more
बारिश: एक नौजवान के ना-मुकम्मल इश्क़ की दास्तान
मूसलाधार बारिश हो रही थी और वो अपने कमरे में बैठा जल-थल देख रहा था. बाहर बहुत बड़ा लॉन था, जिसमें दो दरख़्त थे. उनके सब्ज़ पत्ते बारिश में नहा रहे थे. उसको महसूस हुआ कि वो पानी की इस यूरिश स... Read more


























