आज ‘ओलंपियन विवेक’ का चौसठवां जन्मदिन है
ओलंपिक खेलों के दौरान घर के सबसे छोटे बच्चे की नज़र से मैच, ख़ासकर हॉकी, देखना अजब गुदगुदा देने वाला अनुभव होता है. पापा. सबसे उत्सुक और उत्साह से लबरेज़ बच्चा. उन्हें हॉकी मैच देखते देखना द... Read more
उत्तराखंड की बेटी ने ओलम्पिक में रचा इतिहास
बीते शनिवार ओलम्पिक के इतिहास में भारतीय महिला हॉकी टीम की खिलाड़ी वंदना कटारिया ने वह कारनामा कर दिखाया जो ओलम्पिक के 125 साल के इतिहास में कोई महिला खिलाड़ी नहीं कर पाई थी. शनिवार को द. अफ... Read more
क्या पिछौड़ा, ऐपण, अल्पना आदि का ‘फैशन ट्रेंड’ सांस्कृतिक विरासत को प्रभावित करता है?
विरासतों का सृजनात्मक उपयोग और मौलिकता उत्तराखंड में महिलाओं द्वारा पहना जाने वाला परिधान पिछौड़ा, परम्परागत रूप से कुमाऊं मूल के लोगों की विशिष्ट संस्कृति को प्रतिबिंबित करता है... Read more
पहाड़ की कृषि आर्थिकी को संवार सकता है मडुआ
उत्तराखण्ड में पृथक राज्य की मांग के लिए जब व्यापक जन-आंदोलन चल रहा था तब उस समय यह नारा सर्वाधिक चर्चित रहा था – ’मडुआ बाड़ी खायंगे उत्तराखण्ड राज्य बनायेंगे’. स्थानीय लोगों के... Read more
सीताबनी की बाघिन के योद्धा बनने की कहानी
सिताबनी रिज़र्व फ़ॉरेस्ट अपनी बेजोड़ जैव विविधता के लिए जाना जाता है चाहे वनराज हो, नागराज हो या गजराज हो हर तरह के पशु-पक्षियों और जीवों का यहाँ बसेरा है. यह एलिफेंट कोरिडोर के लिए भी जाना... Read more
देवभूमि उत्तराखंड को देवों का घर माना जाता है. अलग-अलग समय पर यहां देवों के दर्शन देने की कथायें लोकप्रिय हैं. भगवान हनुमान से संबंधित ऐसे ही कुछ स्थान हैं जहां भगवान हनुमान रामायण और महाभार... Read more
कुुमाऊं के ‘अर्जुन-अभिमन्यु’ जिन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ़ कारगिल की महाभारत लड़ी
18 सितम्बर 2000 की सुबह लेफ्टिनेंट हेमंत सिंह महर बिष्ट के नेतृत्व में सेना की एक टुकड़ी सीमा पर अपने कैम्प की ओर लौट रही थी. रात भर चले आपरेशन में यह टीम पाकिस्तान के तीन बंकरों को नेस्तनाब... Read more
(कारगिल विजय दिवस पर बीते बरस लिखा यह लेख, अफसोस जिन पंकज महर की ली गयी तस्वीर इस लेख में इस्तेमाल की गई, वे कोरोना का शिकार हो कर दुनिया से रुखसत हो गए. इन्द्रेश मैखुरी) -Kargil Vijay Diwas... Read more
नामिक गांव के शिक्षक भगवान सिंह जैमियाल
क़रीब साढ़े तीन हजार मीटर की ऊंचाई पर स्थित नामिक ग्लेशियर से निकलने वाली जलधारा अपने साथ कई और धाराओं को समेट जब नामिक-कीमू गांव के पाँव पखारते हुए आगे बढ़ती है तो जैसे पल-पल अपनी सामर्थ्य... Read more
कुछ भी हमें परेशान क्यों करे
क्या यह संभव है कि कोई इंसान बिना परेशान हुए अपना पूरा जीवन गुजार ले? वह चाहे कोई भी हो. गरीब या अमीर. कोई भी. कुछ लोग समझते हैं कि अगर कोई अमीर है, तो उसे परेशान होने की क्या जरूरत. परेशान... Read more
























