एक हिन्दी भाषी अफसर की दक्षिण भारत यात्रा के बहाने वास्कोडिगामा और अगस्त्य मुनि के किस्से
तटस्थता और पारदर्शिता, किसी भी व्यवस्था के सबसे लोकप्रिय सिद्धांत माने जाते है, जिसके चलते अक्सर चुनाव जैसे खास आयोजनों में उत्तर के लोगों को दक्षिण, दक्षिण के लोगों को पूरब, तो पश्चिम के लो... Read more
जब दीप जले आना, जब शाम ढले आना
जब दीप जले आना जब शाम ढले आना संदेश मिलन का भूल न जाना मेरा प्यार न बिसराना जब दीप जले आना… नित साँझ सवेरे मिलते हैं उन्हें देख के तारे खिलते हैं लेते हैं विदा एक दूजे से कहते हैं चले... Read more
जिंदगी और बता तेरा इरादा क्या है
एक हसरत थी कि आंचल का मुझे प्यार मिले मैंने मंजिल को तलाशा मुझे बाजार मिले जिंदगी और बता तेरा इरादा क्या है तेरे दामन में बता मौत से ज्यादा क्या है जिंदगी और बता तेरा इरादा क्या है जो भी तस्... Read more
बैठी हूँ कब हो सवेरा रुला के गया सपना मेरा
रुला के गया सपना मेरा बैठी हूँ कब हो सवेरा वही है गमे दिल वही है चंदा तारे वही हम बेसहारे आधी रात वहीं है और हर बात वही है फिर भी ना आया लुटेरा… कैसी ये जिंदगी साँसों से हम ऊबे के दिल... Read more
ये कौन आया…
छह-सात दशक पहले, हिंदी सिनेमा में रोमानी उत्थान के गीतों की जो धारा बहनी शुरू हुई, लंबे अरसे तक उनका प्रभाव बना रहा. इन गीतों के जरिए सिनेप्रेमियों को लौकिक प्रेम को अभिव्यक्त करने के कई रंग... Read more
रूना लैला: क्वीन ऑफ़ बांग्ला पॉप
क्वीन ऑफ़ बांग्ला पॉप के नाम से मशहूर रूना लैला, बॉलीवुड में एक ताजा हवा के झोंके सी आईं. उनका स्वर भारतीय उपमहाद्वीप में किसी परिचय का मोहताज नहीं है. एक दौर में चटगांव से लेकर कराची तक, उन... Read more
एक लोक भाषा कवि
लोकभाषा में उनका उपनाम ‘चाखलू’ था, तो देवनागरी में ‘पखेरू’. दोनों नाम समानार्थी बताए जाते थे. भयंकर लिक्खाड़ थे. सिंगल सिटिंग में सत्तर-अस्सी लाइन की कविता लिख मारते,... Read more
दूरदर्शन के ध्वनि-संकेत के साथ, सबका अपना-अपना काम-धाम छोड़कर टेलीविजन सेट के आगे बैठ जाना. मोहल्ले का मोहल्ला यानी समूचा जमघट, समाचार सुनने को तैयार. तब दस फ़ीसदी भी लोगों के यहाँ टेलीविजन... Read more
जानलेवा कवि
‘जानलेवा’ उनका तखल्लुस था, ओरिजिनल नाम में जाने की, कभी किसी ने जरूरत ही नहीं समझी. संपादक को जब उन्होंने अपनी हस्बमामूल कविता सुनाई, तो संपादक ने पहले तो रस लेने की भरसक कोशिश क... Read more
ट्रांजिस्टर लटकाए हुए रिमोट खोजने की जद्दोजहद. अबोध सवाल. जिज्ञासा भरे सवाल. अजीबोगरीब हरकतें. जवाब देने वालों का उससे पूछना, “पीके आया है क्या?” बारंबार यही सवाल पूछे जाने पर वह... Read more
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