उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में डोकरानी बामक ग्लेशियर में आज हिमस्खलन हुआ है. इस एवलांच में नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (निम) के दो प्रशिक्षकों के हताहत होने की खबर है. एवलांच आने से 28 लोग फंस गए हैं. जिन्हें निकालने के लिए निम और एनडीआरएफ की तरफ से रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है. आठ लोगों को निकाल लिया गया है, 21 लोगों के अब भी फंसे होने की खबर है. अभी तक कुल दो लोगों की मौत हो चुकी है. (Snow Storm in Uttarkash)
22 सितंबर से नेहरु पर्वतारोहण संस्थान द्वारा डोकरानी बामक ग्लेश्यिर में बेसिक और एडवांस पर्वतारोहन शिविर चलाया जा रहा था. बेसिक कोर्स के 97 ट्रेनी और 24 ट्रेनर और निम के एक अधिकारी समेत कुल 122 लोग शामिल थे. जबकि एडवांस कोर्स में 44 ट्रेनी और 9 ट्रेनरों समेत कुल 53 लोग शमिल थे.
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस हादसे पर दुःख प्रकट करते हुए कहा “उत्तरकाशी में हुए हिमस्खलन के कारण कई जानमाल के नुकसान से दुखी हूं, मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदनाएं.”
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि “द्रौपदी का डांडा-2 पर्वत चोटी में हिमस्खलन होने के कारण नेहरू पर्वतारोहण संस्थान, उत्तरकाशी के 28 प्रशिक्षार्थियों के फंसे होने की सूचना प्राप्त हुई है. प्रशिक्षार्थियों को जल्द से जल्द सकुशल बाहर निकालने के लिए राहत एवं बचाव कार्य चलाया जा रहा है.” (Snow Storm in Uttarkash)
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