सुधीर कुमार

श्रद्धा थपलियाल : उत्तराखण्ड से मिसेज सिंगापुर ब्यूटी क्वीन तक

उत्तराखण्ड के कई लोगों ने फिल्म, टेलीविजन और फैशन इंडस्ट्री में मुकाम हासिल किया है. देश की सीमाओं से बाहर भी उत्तराखण्ड की महिलाओं ने अपनी खूबसूरती का जादू बिखेरा है. इसी कड़ी में नया नाम है श्रद्धा थपलियाल. श्रद्धा थपलियाल सिंगापुर की सौन्दर्य प्रतियोगिता में मिसेज फोटोजेनिक क्वीन के खिताब से नवाजी गयी हैं. (Mrs Singapore Beauty Queen 2019 Shradha Thapliyal) 

मूल रूप से उत्तराखण्ड के सहस्त्रधारा, देहरादून की रहने वाली श्रद्धा थपलियाल ने सिंगापुर में आयोजित सौन्दर्य प्रतियोगिता में मिसेज फोटोजेनिक क्वीन का टाइटल हासिल किया. 2 महीने तक विभिन्न चरणों में चली इस प्रतियोगिता में श्रद्धा ने कई प्रतिभागियों से कड़ा मुकाबला कर यह खिताब हासिल किया.  इस साल यह प्रतियोगिता कोविड-19 के कारण रद्द कर दी गयी है.

यह सौन्दर्य प्रतियोगिता मिसेज सिंगापुर ब्यूटी क्वीन- 2019 के नाम से सिंगापुर में आयोजित की गयी थी. ‘ल्यूनेव इवेंटस प्राइवेट लिमिटेड’ द्वारा आयोजित इस प्रतियोगिता में सिंगापुर में रहने वाले सभी नागरिकों के लिए प्रवेश खुला था. इस प्रतियोगिता में सिंगापुर के कई प्रतियोगियों ने प्रतिभाग किया था. उत्तराखण्ड मूल की श्रद्धा थपलियाल इस चुनौतीपूर्ण मुकाबले के अंतिम चरण में पहुँचने में कामयाब रहीं. श्रद्धा न सिर्फ फाइनल राउंड में जगह बनाने में कामयाब रहीं बल्कि उन्होंने ‘मिसेज फोटोजनिक क्वीन’ का टाइटल भी अपने नाम किया.

 इसके अलावा श्रद्धा हाल ही में लॉकडाउन के कारण ऑनलाइन प्लेटफोर्म पर आयोजित फैशन शो ‘मॉम एन्ड मी फैशनिस्टा-2020’ (Mom and me fashionista 2020) की विजेता भी रहीं.   

श्रद्धा को खूबसूरती और बुद्धिमत्ता कहा जाए तो गलत नहीं होगा. श्रद्धा एक दशक से सिंगापुर में रहकर एक आईटी प्रोफेशनल के तौर पर काम कर रही हैं. इस समय वे हिताची में आईटी प्रोजेक्ट मैनेजर के रूप में अपनी सेवाएं दे रही हैं.

सेवानिवृत्त बैंकर पिता सुरेश थपलियाल और रेखा थपलियाल की बेटी श्रद्धा का पैतृक गांव सिरकोट, पौड़ी है. उनकी प्रारंभिक से लेकर उच्च शिक्षा तक भारत में ही हुई है. श्रद्धा बताती हैं कि वे दुनिया में कहीं भी रहें उनका मन पहाड़ों में ही बस्ता है. उन्हें अपनी नानी के घर मसूरी में बिताए गए बेहतरीन पल और उत्तराखण्ड की बर्फ़बारी बहुत लुभाती है.

इस इवेंट की जानकारी मिलने के बाद अपने पति अमित कुमार और मां के प्रोत्साहन से उन्होंने इस प्रतियोगिता में भागीदारी करने का फैसला लिया और कामयाबी भी हासिल की.

पेंटिंग का शौक रखने वाली श्रद्धा सामाजिक कामों में भी लगातार हिस्सा लेती हैं. ख़ास तौर से वंचित परिवारों के लिए वे लगातार काम करती रही हैं. श्रद्धा ‘उत्तराखण्ड एसोसिएशन इन सिंगापुर’ में सक्रिय हैं.     

गौरतलब है कि  उत्तराखण्ड के कुमाऊँ मंडल में नैनीताल जिले में बेतालघाट का सुन्स्यारी की मूल निवासी अजिता बिष्ट ने भी मिसेज सिंगापुर प्रतियोगिता में मिसेज इलोक्वेंस और मिसेज पॉपुलर क्वीन का खिताब हासिल किया था.

Support Kafal Tree

.

रूप दुर्गापाल: अल्मोड़ा की बेटी का भारतीय टेलीविजन स्टार बनने का सफर.

काफल ट्री वाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिये यहाँ क्लिक करें: वाट्सएप काफल ट्री

काफल ट्री की आर्थिक सहायता के लिये यहाँ क्लिक करें

Sudhir Kumar

Recent Posts

गांधीजी ने दुनिया के सबसे बड़े अहिंसक आंदोलन का संचालन कैसे किया?

12 मार्च 1930 की सुबह साबरमती आश्रम के बाहर बड़ी संख्या में लोग एकत्र थे.…

12 hours ago

भारत में आँसू गैस के गोले सबसे पहले अंग्रेज़ लाए थे

आज भारत में किसी बड़े प्रदर्शन, छात्र आंदोलन या राजनीतिक रैली के दौरान पुलिस द्वारा आँसू…

16 hours ago

कुमाऊं का सबसे बड़ा सामाजिक समूह “खस” रहा : आर. डी. सनवाल

पिछली कड़ी : सोशियल इकोनॉमी ऑफ हिमालय : हिमालय की सामाजिक अर्थव्यवस्था का आरंभिक अकादमिक…

17 hours ago

हरेला: प्रकृति, परंपरा और विज्ञान का अद्भुत संगम

हर साल पर्यावरण संरक्षण के नाम पर लाखों पौधे लगाए जाते हैं. तस्वीरें खिंचती हैं, अभियान…

1 week ago

हरेले के रंग में पहाड़ : फोटो निबन्ध

आज उत्तराखंड का लोक पर्व हरेला है जो हरियाली और प्रकृति से जुड़ा है. हरेले…

1 week ago

अब हल्द्वानी में पहाड़ी उत्पादों के सबसे विश्वसनीय ब्रांड ‘मुनस्यारी हाउस’ की शुरुआत

आपको मुनस्यारी की दुर्लभ राजमा कि तलाश है या फिर कुमाऊं-गढ़वाल के उच्च हिमालयी क्षेत्रों…

2 weeks ago