समाज

राज्य के लोगों को अफ़वाहों से बचाना उत्तराखंड सरकार के लिये एक बड़ी चुनौती

अफ़वाह तंत्र किस तरह हावी हो चुका है इसका अंदाजा बीते दिनों की खबरों से चलता है. एकतरफ़ भारत के गृहमंत्री को ट्वीटर पर अपने स्वस्थ्य होने की ख़बर देनी पड़ती है तो उत्तराखंड के मुख्यमंत्री के निधन की खबर को अफ़वाह बताने के लिए राज्य के सबसे बड़े पुलिस अधिकारी को सामने आना पड़ता है.
(Fake News Become Challenge)

गृहमंत्री के मामले में गुजरात से जहां चार लोगों की गिरफ्तारी हुई वहीं उत्तराखंड के मुख्यमंत्री के मामले में पिथौरागढ़ से एक गिरफ्तारी की गयी. दोनों मामलों में बड़ी तेजी से कार्यवाही हुई पर क्या इसतरह की कार्यवाही आम लोगों से जुड़े मामले में भी होती है.

8 मई के दिन अमर उजाला में एक खबर छपती है अन्य राज्यों में फंसे प्रवासियों को उत्तराखंड लाने के लिए 10 मई से स्पेशल ट्रेनें  चलेंगी. खबर के विस्तार में दिन और स्थान भी बताये जाते हैं. अमर उजाला एक बड़ा नाम है जाहिर है लोग उसपर भरोसा कर स्टेशनों का रुख करने को तैयार.

अमर उजाला की 8 मई की खबर सोशियल मीडिया में खूब शेयर की जाती है. राज्य में आज कुकुरमुत्ते की तरह वेब पोर्टल चलते हैं जो मुख्य मीडिया की ख़बरों को कॉपी करते हैं. खुशखबरी के नाम पर यह खबर वायरल हो गयी. इसके अतिरिक्त लाखों की संख्या वाले फेसबुक पेज ने भी गैर-जिम्मेदाराना तरीके से खबर को शेयर किया.

वायरल कटिंग

ख़बर के अगले दिन सचिव शैलेश बगौली प्रेस वार्ता में बताते हैं कि

रेलवे के पास 50 लाख रूपए एडवांस के तौर पर जमा भी कर दिया गया है. सूरत, अहमदाबाद, पुणे, बैंगलोर आदि स्थानों से प्रवासियों को लाने के लिए ट्रेन के लिए भी बात हुई हैं. अभी कोई तिथि तय नहीं हुई है. जल्द ही रेल मंत्रालय और संबंधित राज्य सरकार से समन्वय कर ट्रेन से प्रवासियों को लाने का भी टाईमटेबल बना दिया जाएगा. जैसे ही तिथि तय हो जाएगी, संबंधित प्रवासियों को एसएमएस के माघ्यम से सूचित कर दिया जाएगा.

अमर उजाला ने अपने पोर्टल से 8 मई की ख़बर तो हटा दी हालांकि अख़बार की कटिंग अभी भी सोशियल मीडिया पर चल रही.

एक ऐसे समय जब किसी की भी एक लापरवाही से लाखों लोगों की जान खतरे में आ सकती है, सभी को जिम्मेदारी के साथ काम करना चाहिये. नीचे उत्तराखंड सरकार के कुछ महत्वपूर्ण फेसबुक पेज के लिंक दिए गए हैं. सभी पेज उत्तराखंड सरकार द्वारा संचालित हैं :

Trivendra Singh Rawat

Uttarakhand Police

Uttarakhand DIPR

इस बीच उत्तराखंड पुलिस के फेसबुक पेज से अच्छी सूचना यह आ रही है कि 11 मई को गुजरात के सूरत से कुमाऊं के विभिन्न स्थानों (अल्मोड़ा-119, बागेश्वर-291 चम्पावत-06, हल्द्वानी-462, नैनीताल-48, पिथौरागढ़-254, रानीखेत-04, ऊधमसिंहनगर-16) के लगभग 1200 प्रवासियों को लेकर एक ट्रेन काठगोदाम के लिए प्रस्थान करेगी.

उत्तराखंड पुलिस ने संबंधित लोगों की सूची भी जारी कि है जिनका लिस्ट में नाम है उन्हें मोबाईल में मैसेज के माध्यम से सूचना दी जा चुकी है. काफल ट्री अपने पाठकों से अनुरोध करता है किसी भी प्रकार की अफवाह से बचें. जिम्मेदारी के साथ सूचनाओं को साझा करें. (Fake News Become Challenge)

-काफल ट्री डेस्क

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Girish Lohani

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