Featured

पुरखों की बाखली पहुंचे धोनी : तस्वीरें

काफल ट्री की आर्थिक सहायता के लिये क्लिक करें – Support Kafal Tree

स्टार क्रिकेटर महेंद्र सिंह धोनी अपनी पत्नी साक्षी धोनी और बेटी के साथ आज अपने पैतृक गांव ल्वाली, अल्मोड़ा पहुंचे. गांव पहुंचने पर ग्रामीणों ने उनका स्वागत किया. महेंद्र सिंह धोनी व उनकी पत्नी ने गांव में मंदिरों में ईष्ट देव की पूजा अर्चना की.
(Dhoni Kumaon Village)

गौरतलब है क्रिकेटर व इंडिया टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी मंगलवार को उत्तराखंड पहुंचे थे. धोनी 20 साल बाद आज अपने पुरखों की बाखली पहुंचे. धोनी इससे पहले 2003 में गांव आए थे.

महेंद्र सिंह धोनी की पत्नी ने अपने पति संग बाखली में बैठी एक तस्वीर साझा की उन्होंने अपने पैतृक घर का वीडियो भी सोशियल मीडिया में साझा किया जिसे सोशियल मीडिया पर खूब पंसद किया जा रहा है.   
(Dhoni Kumaon Village)

महेंद्र सिंह धोनी अपने परिवार संग ल्वाली स्थित पाने ईष्ट देवता के मंदिर भी गये. धोनी अपने परिवार संग मंदिर में पूजा-पाठ करते भी नजर आये. ल्वाली गांव अल्मोड़ा जिले की जैती तहसील में पड़ता है.

महेंद्र सिंह धोनी की अपने पैतृक गांव में कुछ तस्वीरें – (सभी तस्वीरें सोशियल मीडिया से साभार)
(Dhoni Kumaon Village)

फोटो: साक्षी धोनी
फोटो: साक्षी धोनी
फोटो : सोशियल मीडिया
फोटो : सोशियल मीडिया
फोटो : सोशियल मीडिया
फोटो : सोशियल मीडिया

काफल ट्री फाउंडेशन

काफल ट्री वाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिये यहाँ क्लिक करें: वाट्सएप काफल ट्री

काफल ट्री की आर्थिक सहायता के लिये यहाँ क्लिक करें

Kafal Tree

Recent Posts

आधी सदी से आंदोलनरत उत्तराखंड का सबसे बड़ा गांव

बात उन दिनों की है, जब महात्मा गांधी जब देश भर में घूमकर और लिखकर…

2 days ago

फूल, तितली और बचपन

बचपन की दुनिया इस असल दुनिया से कई गुना खूबसूरत होती है. शायद इसलिए क्योंकि…

5 days ago

पर्वतीय विकास – क्या समस्या संसाधन की नहीं शासन उपेक्षा की रही?

पिछली कड़ी : तिवारी मॉडल में पहाड़ की उद्योग नीति और पलायन आजादी के दौर…

5 days ago

अनूठी शान है कुमाऊनी महिला होली की

यूं तो होली पूरे देश में मनाए जाने वाला एक उमंग पर्व है परन्तु अलग…

6 days ago

धरती की 26 सेकंड वाली धड़कन: लोककथा और विज्ञान का अद्भुत संगम

दुनिया के अनेक लोक कथाओं में ऐसा जिक्र तो आता है कि धरती जीवित है,…

2 weeks ago

कथा दो नंदों की

उपकोशा की चतुराई, धैर्य और विवेक से भरी कथा के बाद अब कथा एक नए…

2 weeks ago