उत्तराखंड पुलिस महानिदेशक अनिल कुमार रतूड़ी का कार्यकाल आज समाप्त हो रहा है.अपनी सर्विस के असंख्य लोगों के लिए एक रोल मॉडल हैं. काफल ट्री उन्हें सलाम करता है और शानदार भविष्य की कामना करता ह... Read more
ये हैं बेहतर जीवन के लिए 40 सूत्र
ऐसी कई अच्छी बातें हैं, जो हमें मालूम तो हैं, पर हम दैनिक जीवन में उन्हें नहीं अपनाते. ऐसी ही कुछ बातें सूत्रों के रूप में यहां दे रहा हूं , ताकि आपको वे याद रह सकें और आप उन्हें अपनी रोजमर्... Read more
कुमाऊँ की सीमान्त शौका सभ्यता से ताल्लुक रखने वाली अनिन्द्य रूपवती राजुला और उसके प्रेमी राजकुमार मालूशाही की प्रेमकथा हमारे इधर बहुत विख्यात है. जैसा कि हर लोक साहित्य के साथ होता है इस गाथ... Read more
इगास: वंचितों को समर्पित लोकपर्व
जो छूट गए, जो पिछड़ गए हैं और जो अधिकारों से वंचित रह गए हैं, सरकारें उन्हें मुख्यधारा में लाने के लिए कई योजनाएँ बनाती है. लोक-समाज, पर्व-त्योहार बनाता है. सबके हिस्से में हर्ष-उल्लास सुनिश... Read more
हिमालय की लोकदेवी झालीमाली
उत्तराखंड में देवी भगवती के नौ रूपों यथा- शैलपुत्री, ब्रहृमचारिणी, चन्द्रघंटा, कुशमांडा, स्कन्दमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी और सिद्धदात्री के अतिरिक्त अन्य कई स्थानीय रूप हैं. इनमें न... Read more
बीते चालीस सालों से भगवान बदरी विशाल के मंदिर में रोज सुबह और रात नौबत बजाने वाले प्रभु दास जी का निधन हो गया. अनेक विपरीत परिस्थितियों के बावजूद प्रभु दास जी बिना थके भगवान बदरी की सेवा में... Read more
एक तगड़े शर्मीले डोटियाल की कथा
नेपाल के डोटी गाँव से आया एक प्यारा-सा तगड़ा शरमीला किशोर ग्रामीण सोर घाटी में मजदूरी करता था. बोझा वह तब से ढोता था जबसे उसके मूंछों का क्या, उसको अपने शरीर का भी पता न था. उसे सिखाया गया क... Read more
ईश्वर ने हमें नहीं, हमने बनाया है ईश्वर को
जिड्डू कृष्णामूर्ति एक बार एक सभा को संबोधित कर रहे थे, तब किसी ने यह सवाल पूछा- कृपया इसका बिना घुमा-फिराए सीधा जवाब दें, क्या ईश्वर है? हां या नहीं. अगर है, तो उसे कैसे पाया जाए? Man has c... Read more
पहाड़ में छल-छिद्र, भूत-मसाण आये दिन लगे ही हुये. गाड़ गधेरे से चिपटने वाले छल-छिद्र तो घर के बुजुर्ग एक ही बभूत में निपटा देते थे. कई बुजुर्ग तो देश-परदेश से लौटे बच्चों के चेहरे देखकर ही ब... Read more
केदारनाथ पुनर्निर्माण पर जमीनी रपट
16 नवम्बर 2020 को केदारनाथ धाम के कपाट यात्रियों के लिए बंद हो गए व केदार बाबा की डोली को उनके शीतकालीन निवास ऊखीमठ के लिए धूमधाम के साथ रवाना कर दिया गया. कोरोना महामारी के चलते इस बार यात्... Read more


























