बनारस. कल बनारस के लंका थाना क्षेत्र में पुलिस ने छापा मारकर अवैध कविता बनाने का कारखाना पकड़ा. मौके पर कविता बनाने की मशीन, और अनेक कवियों के फोटो युक्त रैपर भी बरामद किये गए. जिन पर फोटो क... Read more
इंद्रसभा के आमंत्रण षड्यंत्र होते हैं
“अरी ऐरी आली!”(Satire by Priy Abhishek 2021) “हाँ सखी!” “आली, पूछ न क्या गजब हुआ उस दिन!” “क्या हुआ सखी, बता तो ज़रा?” “अरी इंद्रसभा का आमंत्रण था…” “हाय दैया, इंद्रसभा का?” “हाँ आली,... Read more
चुपचाप समय काट लो
“तो हुआ यूँ कि प्रभु दत्तात्रेय के निर्देश पर चित्रगुप्त भगवान् ने श्रीमदभागवत में अमेंडमेंट कर चौबीस गुरुओं में पच्चीसवें गुरु ‘गर्दभ’ को जोड़ेने का प्रस्ताव इंद्र की सभा... Read more
सालों पुराना नुस्खा: छोटा कैनवास
“साहिबान, गाड़ी आपकी चलने वाली है. आपका ध्यान चाहूँगा. बस दो मिनट लूँगा आपका.साहब, कई बार कविता सुनते हैं, उसको पचा नहीं पाते. खुद की कविता लिखने की इच्छा होती है, जिससे अपच बढ़ जाती है. क्र... Read more
प्रिय अभिषेक का चुटीला व्यंग्य ‘माचिस कहां है’
एक कप पानी. एक कप दूध. अरे गैस तो जलाई ही नहीं. माचिस कहाँ है? कहाँ है माचिस? गैस के नीचे गिर गई होगी. यहाँ तो नहीं है. फ्रिज के ऊपर? यहाँ भी नहीं है. हो सकता है फ्रिज के पीछे गिर गई हो, झाँ... Read more
प्रथम संस्करण की प्रस्तावना
प्रथम संस्करण की प्रस्तावना लिखते हुए मुझे उतना ही हर्ष हो रहा है जितनी मेरे साथी साहित्यकारों को प्रस्तावना पढ़ते हुए ईर्ष्या होगी. प्रस्तावना में मैं सर्वप्रथम आपको बताऊँगा कि जो मैंने लिख... Read more
कोऊ न जानत कवि की पत्नी के मन की पीर
“कब से ऐसा महसूस हो रहा है?” “ये क्या बकवास है? अरे इसमें महसूस जैसा क्या है, मैं हूँ कवि, तो हूँ.” “मैं आपसे नहीं, आपकी पत्नी से पूछ रहा हूँ.” “अरे डाक्साब,पहिले तो... Read more
एक गुच्छा बयंगकार के साथ ढाई किलो कबि
“कवि हैं, अच्छे वाले?” “बहिनी कौन सा, नया, कि पुराना?” “भैया पिछली बार पुराने कवि ले गई थी, सब मीठे निकल गए. इस बार नया दो.” “कितना तौलूँ?”... Read more
लेखकों को पाठक बनकर समझ आ रहा है कि उन्होंने जनता का कितना उत्पीड़न किया है
कोरोना के इस लॉक-डाउन से एक बात बाखूबी समझ आ रही है कि चुनाव सम्बंधी एक्ज़िट पोल क्यों फ़ेल हो जाते हैं. क्यों बड़े-बड़े विद्वानों के भी अनुमान गलत हो जाते हैं. लॉक-डाउन के सम्बंध में लेखकों... Read more
वह कवि था घटना पर कविता लिख रहा था
इस घटना से सभी चिंतित थे. पुलिस मौके की जाँच कर रही थी. पत्रकार मौके से रिपोर्ट कर रहा था. परिजन और पड़ोसी मौके पर दुखी थे. नेताजी जी मौके पर दुखी तो नहीं थे, पर मौके पर दुख व्यक्त कर रहे थे... Read more
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