ऊखीमठ गढ़वाल मंडल के रुद्रप्रयाग जिले का एक छोटा सा क़स्बा है. ऊखीमठ मन्दाकिनी नदी के तट पर बसा है. यह रुद्रप्रयाग चौपटा मार्ग पर रुद्रप्रयाग से 40 किमी की दूरी पर बसा है. ऊखीमठ में पौराणिक का... Read more
देवभूमि कहे जाने वाले उत्तराखंड की खूबसूरत वादियों के पीछे छिपे बदनुमा दागों पर चर्चा कम ही होती है. 26 अप्रैल की रात गढ़वाल मंडल के गाँव कोट में बसाणगाँव निवासी 21 साल के दलित युवक जितेन्द्र... Read more
उत्तराखंड के गढ़वाल मंडल में पौड़ी जिले का ऐतिहासिक क़स्बा है श्रीनगर. अलकनंदा नदी के तट पर बसा श्रीनगर भारत के उन ऐतिहासिक स्थलों में माना जाता है जो 5000 साल पहले से विद्यमान हैं. इन सालों मे... Read more
गढ़वाल मंडल के चमोली जिले की नीति घाटी में एक गाँव है मलारी. 2001 की जनगणना के मुताबिक मलारी की जनसंख्या 649 थी, इसमें 318 पुरुष और 331 महिलाएं शामिल हैं. गाँव के लोग शीतकालीन प्रवास पर 6 मही... Read more
उत्तराखण्ड में धधकते जंगल और सुलगते सवाल
उत्तराखण्ड नियति के भरोसे चलने वाला राज्य बनकर रह गया है. अन्य हिमालयी राज्यों की तरह इस राज्य के सामने हमेशा ही प्राकृतिक रूप से ज्यादा चुनौतियाँ रही हैं और आज भी हैं. राज्य के नीति नियंताओ... Read more
बगड़: तटीय भूमि पर बसे गाँव-कस्बे
उत्तराखण्ड के गढ़वाल व कुमाऊँ दोनों ही मंडलों में कई जगहों के नाम में बगड़ शब्द का इस्तेमाल हुआ करता है. बगड़ का मतलब हिमालय से प्रवाहित होने वाली नदियों-नालों के करीब की तटीय, समतल भूमि से है.... Read more
खुदेड़ गीत उत्तराखण्ड के गढ़वाल मंडल में बसंत के मौके पर गाये जाने वाले गीत हैं. यह गीत नवविवाहिताओं के द्वारा गाये जाते हैं. इसमें मायके जाकर माता-पिता एवं भाई-बहनों से मिलने की आकुलता के भाव... Read more
गुप्तकाशी: जहाँ शिव गुप्तवास पर रहे
उत्तराखण्ड के गढ़वाल मंडल के रुद्रप्रयाग जिले में बसा है (Guptkashi) गुप्तकाशी. यह क़स्बा केदारघाटी में मन्दाकिनी नदी के सुन्दर तट पर बसा है. कर्णप्रयाग, गौचर, रुद्रप्रयाग और अगस्त्यमुनि होते... Read more
शिव के वंशज हिमालय के गन्धर्व
उत्तराखण्ड (Uttarakhand) में कई ऐसी जातियां हैं जो राजस्थान के मिरासियों की तरह ही पेशेवर रूप से गायन-वादन का ही काम किया करती थीं. इन सभी जातियों को इनके गोत्र, गन्धर्व, नाम से भी जाना जाता... Read more
उत्तराखण्ड की निचली पहाड़ियों में कल दिन भर मौसम की पहली बर्फ़बारी हुई. गढ़वाल मनादल के केदारनाथ, बद्रीनाथ, चौपटा, गंगोत्री, यमुनोत्री, हर्षिल और मसूरी में जबरदस्त बर्फ़बारी हुई है. कुमाओं मंडल... Read more
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