चीन का अपना चांद
हमारे देश में स्ट्रीट लाईट में बल्ब नहीं हैं चीन अपने लिये चांद बनाने जा रहा है. न केवल बनाने जा रहा है बल्कि 2020 तक आसमान में आर्टिफिशयल चांद लगाने की तैयारी में है. वो भी एक नहीं तीन. मतल... Read more
उत्तराखंड में तिब्बत सीमा से सटे गांवों में अवैध तरीके से पहुँच रहा चीन का राशन
एक रिपोर्ट के अनुसार भारतीय राज्य उत्तराखंड में तिब्बत सीमा से सटे करीब छह गांवों में लोग चीन का राशन, रिफाइंड, सब्जियां-मसाले और नमक खा रहे हैं. ये वस्तुएं चीन के जरिये नेपाल के छांगरु तिंक... Read more
उत्तराखंड के बाराहोती में घुसे ड्रैगन
चीनी सैनिकों एक बार फिर भारतीय सीमा में घुसपैठ की है.जानकारी के मुताबिक चीनी सैनिकों ने चमोली से सटी सीमा पर बाड़ाहोती क्षेत्र में घुसपैठ की कोशिश की है. चीन ने अगस्त के महीने में ही तीन बार... Read more
“यूरोपियन यूनियन उतना ही बुरा है जितना चीन, बस थोड़ा छोटा है” – यह कहना है अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प का. ट्रम्प यूरोपियन यूनियन के उस प्रस्ताव पर प्रतिक्रया दे रहे थे जिसमें गाड़ियों पर लगने व... Read more
Popular Posts
- दुनिया में शांतिपूर्ण आंदोलनों का संक्षिप्त इतिहास
- गांधीजी ने दुनिया के सबसे बड़े अहिंसक आंदोलन का संचालन कैसे किया?
- भारत में आँसू गैस के गोले सबसे पहले अंग्रेज़ लाए थे
- कुमाऊं का सबसे बड़ा सामाजिक समूह “खस” रहा : आर. डी. सनवाल
- हरेला: प्रकृति, परंपरा और विज्ञान का अद्भुत संगम
- हरेले के रंग में पहाड़ : फोटो निबन्ध
- अब हल्द्वानी में पहाड़ी उत्पादों के सबसे विश्वसनीय ब्रांड ‘मुनस्यारी हाउस’ की शुरुआत
- खड़कमाफी के जीवन में एक दशक से विचरते एकदंत गजराज
- क्या उत्तराखंड, पारिस्थितिक वहन क्षमता को लागू कर सकता है?
- रिंगाल आधारित शिल्प : उत्तराखण्ड का एक परम्परागत कुटीर उद्योग
- कानिया के प्रेम में दीवानी सुबनी : लोककथा
- चीड़ की छाल को कलाकृतियों का रूप दे रहा एक कलाकार
- मेरी यादों का पहाड़ : एक बहुआयामी किताब
- पहाड़ की पुकार जो खींच ले गई मुझे
- ‘मनिला डांडे की देवी मां आज बहुत उदास है
- सोशियल इकोनॉमी ऑफ हिमालय : हिमालय की सामाजिक अर्थव्यवस्था का आरंभिक अकादमिक अध्ययन
- मानव और प्रकृति का संबंध प्राचीन, गहरा और अविभाज्य है
- न रुकदि छै, न थकदि छै, नयार जन बगदि छै : संकट में है नयार
- कर्ज पर युधिष्ठिर का जवाब : लोककथा
- दिव्य आम का स्वाद जीभ पर नहीं पेट के सबसे चोर हिस्से पर कब्ज़ा जमाता है
- उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूरी का निधन
- बचपन की यादों को जीवंत करती किताब
- अहंकार ही है हमारा सबसे चालाक दुश्मन
- उत्तराखंड राज्य की अवधारणा किसी एक नेता या आंदोलन से नहीं बनी
- एक ‘युवा’ एथलीट जिनकी उम्र 92 वर्ष है!
