पांच पैसे की रामलीला और वो मशाल दौड़
एक तो बचपन ऊपर से वो भी गांव का. अलमस्त सा. घर वाले गालियों से नवाजते थे, और ‘भूत’ हो चुके चाचाजी, जो भी उनके हाथ लगता रावल पिंडी एक्सप्रैस की स्पीड में दे मारते. और उनका निशाना... Read more
क्या आवश्यक हैं रामलीला में अशोभनीय प्रसंग?
सीता स्वयंवर व धनुष यज्ञ प्रसंग में अनेक रामलीलाओं में फूहड़ता देखने को मिलती है. धनुष तोड़ने आये राजाओं की वेशभूषा, भाषा बोली और उनके द्वारा बोले व गाये जाने वाले संवाद और गीत दर्शकों को खटकत... Read more
रुद्रपुर से बीजीपी के एमेले राजकुमार ठुकराल, जो स्थानीय रामलीला में पिछले पच्चीस सालों से रावण का रोल करते आ रहे हैं, ने सीता-हरण के एक दृश्य में सीता को ‘मेरी जान’ कह कर संबोधित किया. (BJP... Read more
अल्मोड़े के हुक्का क्लब की रामलीला – फोटो निबन्ध
हुक्का क्लब 1930 से प्रतिवर्ष अल्मोड़ा में रामलीला का आयोजन करता आ रहा है. इस विश्व प्रसिद्ध रामलीला के 2018 के आयोजन की फोटो जयमित्र सिंह बिष्ट द्वारा. जयमित्र सिंह बिष्ट अल्मो... Read more
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