सब ओर प्रकृति में हरियाली सज जाती है. नई कोंपलों में फूल खिलने लगते हैं. चैत मास लग चुका है. ऋतु रैण की परंपरा रही थी बरसों पहले तक. जब गाँव-गाँव बादी या नैका हारमोनियम, सारंगी ढोलक की ताल... Read more
गरमपानी की बाज़ार और उसका ब्रांडेड रायता
राई को लाल खुस्याणी, पहाड़ी हल्द-धनिये के बीजों के साथ सिलबट्टे में खूब पीस लेते हैं. फिर कोर कर निचोड़ी हुई ककड़ी में मिला ठेकी में जमा हुआ दही मिला खूब फैंट कर बनता है गरमपानी का ब्रांडेड... Read more
हे महादेवी ! तुम कौन हो
हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें: Kafal Tree Online जीवन भर उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कुल महाविद्यालयों में अर्थशास्त्र की प्राध्यापकी करते रहे प्रोफेसर मृगेश पाण्डे फिलहाल सेवानिवृत्ति... Read more
मिरतोला आश्रम (पनुआनौला) में ऑस्ट्रेलिया से आ बसे अर्थशास्त्र के मनीषि, योजना आयोग के सदस्य, कृष्ण भक्त स्वामी माधवाशीष ने 90 के दशक में डॉक्टर जैक्सन के साथ धारक क्षमता (कैरीइंग कैपिसिटी) क... Read more
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