प्रताप भैया की 87वीं जयन्ती पर कोई सामान्य सी घटना भी आपकी जिन्दगी की दिशा मोड़ सकती है, यदि संवदेनशीलता अन्दर तक हिला दे. ऐसी ही एक घटना ने बालक प्रताप को जातिवादी व्यवस्था का धुर विरोधी बन... Read more
आचार्य नरेन्द्र देव जिन्हें अपना संस्कार-पिता मानते थे नैनीताल के प्रताप भैया
Posted By: Kafal Treeon:
आचार्य नरेन्द्र देव की 130 वीं जयन्ती पर विशेष : आचार्य नरेन्द्र देव का बहुमुखी व्यक्तित्व ही ऐसा था कि उन्हें किसी दायरे में रखकर समेटना संभव नहीं. वे एक समाजवादी चिन्तक होने के साथ-साथ, प्... Read more
एक दौर था नैनीताल में – काली अचकन और सफेद चूड़ीदार पजामे में एक आकर्षक व्यक्तित्व आपको शाम के वक्त मालरोड पर हाथ में एक हस्तलिखित पर्चा थमाकर “कल गोष्ठी में जरूर आईयेगा’’ कहकर ग... Read more
Popular Posts
- दुर्गम पहाड़ों तक कैसे पहुंचे महाराष्ट्र-गुजरात के पर्व
- पिथौरागढ़ में स्विट्ज़रलैंड बनने की है पूरी क्षमता
- अलमोड़े में नंदादेवी मेले की ताज़ा तस्वीरें
- अहा! कैसा होता था नंदादेवी कौतिक
- सागर से शिखर तक : स्वामी मन्मथन
- उत्तराखण्ड की महिलाएं : स्थितियों, संघर्षों और चुनौतियों का दस्तावेज
- कामिनी तुम कौन?
- पूर्वी नयार नदी की वो बाढ़
- कुमाऊँ की विलुप्त होती जन्माष्टमी पट्ट-चित्र परम्परा
- बद्रीदत्त पांडे और इंद्र सिंह नयाल ने रखा था ‘उत्तराखंड राज्य की संकल्पना’ का वैचारिक आधार
- आकर्षक कलेवर में आंचलिक परिवेश की किताब “टुकड़ा-टुकड़ा जिंदगी”
- भूख न तीस न डर न फिकर छ्, मुट्ट बोटीं छन कसीं कमर छ्
- उत्तराखण्ड के सरोवर
- दौड़ता अल्मोड़ा : फ़ोटो निबंध
- सिंधुजा की कविता : स्मृति यात्रा
- पहले समाज बदलो, राज्य अपने आप सार्थक हो जाएगा : इंद्र सिंह नयाल
- घी संक्रान्ति का लोक विज्ञान
- दुनिया ने अपनाया और अपनों ने भुलाया : जन्मदिन विशेष
- गलगोटिया वाला कॉपी नहीं, असली नवाचार है अल्मोड़ा के रवि टम्टा का ड्रोन
- लोक गायिकाओं का समृद्ध इतिहास रहा है पहाड़ो में
- कुमाऊं केसरी बद्रीदत्त पांडे का बहुआयामी व्यक्तित्व व कृतित्व : इतिहास से जनआंदोलन तक
- उत्तराखण्ड में वन्य-जीवों का आतंक
- उनके बारे में जो सिर्फ नाम नहीं जीवन हैं
- उत्तराखण्ड के आयुष के हाथ में दिल्ली की रणजी टीम की कमान
- उत्तराखण्ड की उन्नति शर्मा ने देश का गौरव बढ़ाया, कॉमनवेल्थ -26 में जीता कांस्य
