उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अपने गृहनगर खटीमा से चुनाव हार गये हैं. उत्तराखंड की हॉट सीट खटीमा में सबकी नजर थी यहां से प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मैदान में उतरे थे. मुख्यमंत्री का मुकाबला कांग्रेस के भुवन कापड़ी से था. शुरुआत से ही चले इस कड़े मुकाबले में आखिर में कांग्रेस के भुवन कापड़ी ने बाजी मार ली. मुख्यमंत्री पुष्कर धामी के चुनाव हारने की आधिकारिक घोषणा अब तक नहीं हुई है पर सूत्रों के अनुसार लगभग 7000 वोटों के अंतर से वह अपना चुनाव हार चुके हैं.
(Pushkar Singh Dhami Lost Election)
खटीमा सीट पर पिछला विधानसभा चुनाव भी पुष्कर सिंह धामी और भुवन कापड़ी के बीच रहा था जिसमें पुष्कर सिंह धामी 2709 वोट से जीते थे. युवा सीएम होने के साथ ही धामी कई लोगों की पहली पसंद भी बने थे. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पुष्कर सिंह धामी के लिये कहा था कि धामी- फ्लावर नहीं फायर है.
प्रदेश में एकतरफ जहां वर्तमान मुख्यमंत्री हार गये हैं वहीं भाजपा पिछले बीस साल के मिथक को तोड़ते हुये लगातार दूसरी बार सरकार बनाने जा रही है. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के चुनाव न जीतने की वजह से भाजपा के भीतर नये मुख्यमंत्री की दौड़ भी शुरु हो गयी है.
कयास लगाये जा रहे हैं अनिल बलूनी और रमेश पोखरियाल निशंक ने दिल्ली में अपनी-अपनी गतिविधियां तेज कर दी हैं. कुल मिलाकर एक बार फिर उत्तराखंड को नया मुख्यमंत्री मिलने की पूरी संभावना है.
(Pushkar Singh Dhami Lost Election)
Support Kafal Tree
.
काफल ट्री वाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिये यहाँ क्लिक करें: वाट्सएप काफल ट्री
काफल ट्री की आर्थिक सहायता के लिये यहाँ क्लिक करें
‘यौ डाना कौ पारा, देख्यूंछ न्यारा-न्यारा’ दीवान सिंह कनवाल की आवाज़ में ये गीत पहली कुमाऊनी फ़िल्म…
कुमाऊं-गढ़वाल हिमालयी क्षेत्र के लिए भिन्न प्रशासन, विशेष नीति या मैदानी भागों से भिन्न व्यवस्था…
बीते दिन सुबह लगभग चार बजे एक ऐसी खबर आई जिसने कौसानी और लक्ष्मी आश्रम…
इन दिनों उत्तराखंड के कुमाऊँ में होली की धूम है. जगह-जगह खड़ी होली और बैठकी…
बात उन दिनों की है, जब महात्मा गांधी जब देश भर में घूमकर और लिखकर…
बचपन की दुनिया इस असल दुनिया से कई गुना खूबसूरत होती है. शायद इसलिए क्योंकि…