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युवा फोटोग्राफर अमित साह को विनम्र श्रद्धांजलि

नैनीताल की वादियों के बीच साल 2013 से शौकिया फोटोग्राफी का एक सफ़र शुरू हुआ जिस पर आज सुबह विराम लगा. फोटोग्राफी के इस सफ़र का नाम है अमित साह फोटोग्राफी. 10 साल के इस सफ़र में अमित साह और नैनीताल एक-दूसरे के पर्याय बन गये थे.

नैनीताल के हर मौसम को अपने कैमरे की नजर से दुनिया को दिखाने वाले युवा फोटोग्राफर अमित साह का आज सुबह निधन हो गया. अमित साह की नजरों से दुनिया ने नैनीताल के हर मौसम की सुबह, दिन और शाम को देखा है.

नैनीताल और उसके आसपास का इलाका अमित के सबसे प्रिय विषयों में रहा. इसके अलावा अमित ने खूब सारी यात्राएं की और तमाम ट्रेक्स पर गये. मनुष्य और प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता और ईमानदारी अमित साह को अपनी पीढ़ी के अन्य लोगों से अलग बनाती है.

अमित साह का जन्म 15 जनवरी 1982 को नैनीताल में हुआ था. नैनीताल के ही सीआरएसटी इंटर कॉलेज और उसके बाद डीएसबी कैंपस से अपनी पढ़ाई पूरी करते हुए अमित ने बी. कॉम. और एम.ए. की डिग्रियां हासिल कीं.

बहुत कम समय में अमित साह ने अपने काम से अपने लिए एक बहुत बड़ा प्रशंसक वर्ग तैयार कर लिया. अमित साह कैमरे से केवल तस्वीरें नहीं खींचते थे अमित कैमरे स जादू करते थे. अमित साह की तस्वीरों की एक ख़ास बात यह है कि उनकी हर तस्वीर कहानी कहती है. आप घंटों उनकी खीचीं तस्वीरें देख सकते हैं और न जाने कितनी कहानियां कह सकते हैं. काफल ट्री के पाठक नैनीताल के शानदार फोटोग्राफर अमित साह की खींची तस्वीरों को खूब पसंद करते आये हैं. काफल ट्री के नियमित और अन्तरंग साथी अमित साह को विनम्र श्रद्धांजलि.

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