आज मनाया जाता है दसौर यानी गंगा दशहरा पर्व
पहाड़ों में इसे दसार या दसौर भी कहते हैं. दसार या दसौर यानी गंगा दशहरा. उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में इस पर्व की खूब मान्यता है. इस वर्ष गंगा दशहरा 16 जून को पड़ रहा है. कुमाऊं क्षेत्र के ह... Read more
भोट-तिब्बत व्यापार में दोस्ती और जुबान की कीमत
तिब्बत में भोटान्तिकों का व्यापार वहां की अनेकानेक मंडियों में होता था. इनमें मुख्य तकलाकोट, ज्ञानिमा, गरतोक, चकरा, शिवचिलम, ख्युंग लिङ्ग, दरचेन, कुंलिङ्ग, थुलिङ्ग, पुंलिङ्ग, नावरा, लामा छोर... Read more
खटारा मारुति में पूना से बागेश्वर
यह 2007 की बात है. दिन-वार ठीक से याद नहीं. अक्टूबर का महीना था. उन दिनों रामलीला(एं) चल रही थीं. अल्मोड़ा से तीन जने दिल्ली के लिए रवाना हुए – बागेश्वर से केशव, अल्मोड़ा से रज्जन बाबू और मै... Read more
पहाड़ में लड़के का परदेश जाना बेटी की विदाई से कम नहीं होता था. जो लोग हमारी उमर के हैं या बड़ी उमर के हैं या अब भी जो लड़के गांव से नौकरी के लिए जाते हैं सबको लगभग यही शिक्षा मिलती हैं. जिस-... Read more
सांसद अजय टम्टा का वीडियो क्लिप वायरल
सोशियल मीडिया में आये दिन कुछ न कुछ वायरल होता रहता है. आज उत्तराखंड से सांसद अजय टम्टा का एक वीडियो क्लिप वायरल हो रहा है. अजय टम्टा उत्तराखंड के अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ सीट से चुने गये सांसद है... Read more
सितम्बर 2008 में शेखरदा (प्रोफेसर शेखर पाठक) ने प्रसिद्ध छायाकार एवं पर्वतारोही अनूप साह तथा संवेदनशील छायाकार प्रदीप पाण्डे के साथ उच्च हिमालय के एक दुर्गम मार्ग गंगोत्री-काल... Read more
आज शाम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी केबिनेट के साथ शपथ लेंगे. लोकसभा चुनाव के परिणाम सामने आने के बाद से ही यह बात चलने लगी थी कि मोदी कैबिनेट में उत्तराखंड का कौन सा सांसद चुना जायेगा. इस... Read more
मार्कण्डेय की कहानी ‘हंसा जाई अकेला’
वहाँ तक तो सब साथ थे, लेकिन अब कोई भी दो एक साथ नहीं रहा. दस-के-दसों अलग-अलग खेतों में अपनी पिण्डलियाँ खुजलाते, हाँफ रहे थे.(Hansa Jaye Akela Story) “समझाते-समझाते उमिर बीत गई, पर यह माटी का... Read more
अल्मोड़े का लच्छी राम थिएटर उर्फ़ रीगल सिनेमा
1968-69 का अल्मोड़ा शहर और उसकी शांत मॉल रोड जिस पर बड़े डाकख़ाने के निकट स्थित था, अल्मोड़े का प्रमुख मनोरंजन केंद्र – रीगल सिनेमा. उस समय रेडियो पर प्रसारित गिने-चुने कार्यक्रमों और फ़िल्म... Read more
पत्नी का पत्र
श्रीचरणकमलेषु, आज हमारे विवाह को पंद्रह वर्ष हो गए, लेकिन अभी तक मैंने कभी तुमको चिट्ठी न लिखी. सदा तुम्हारे पास ही बनी रही. न जाने कितनी बातें कहती सुनती रही, पर चिट्ठी लिखने लायक दूरी कभी... Read more


























