बेदिनी बुग्याल: मखमली घास का हिमालयी मैदान
उत्तराखण्ड के गढ़वाल मंडल के चमोली जिले में है सबसे बड़ा बुग्याल. बुग्याल ट्री लाइन और साल में ज्यादातर समय बर्फ से ढंके रहने वाले वनस्पतिविहीन हिमालय के बीच के उस क्षेत्र को कहा जाता है जहा... Read more
बेदिनी बुग्याल में ही मौजूद है हिन्दुओं का पवित्र धार्मिक स्थल बेदिनी कुंड, इसे वैतरणी भी कहा जाता है. इस कुंड का विशेष धार्मिक महत्त्व है. 11,004 फीट की ऊंचाई पर स्थित बेदिनी कुंड के पास ही... Read more
उत्तराखण्ड के चमोली जिले में वाण गाँव एक जाना-पहचाना नाम है. वाण से बेदिनी बुग्याल और रूपकुंड के लिए पैदल रास्ता शुरू होता है. यह वाण से शुरू होने वाला एक लोकप्रिय और जाना-पहचाना ट्रैक है, ल... Read more
आस्था और जीवट का महाकुम्भ है नंदा राजजात यात्रा
उत्तराखण्ड की इष्ट देवी नंदा मानी जाती हैं. प्रदेश के सभी क्षेत्रों में नंदा देवी की वन्दना में उत्सव मनाये जाते हैं. इन उत्सवों में ख़ास है नंदा जात, जात का अर्थ है यात्रा. यह हर वर्ष मनायी... Read more
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