अब बड़े-बड़े शहरों में दाइयाँ, नर्सें और लेडी डाक्टर, सभी पैदा हो गयी हैं; लेकिन देहातों में जच्चेखानों पर अभी…
किसी समय एक मनुष्य ऐसा पापी था कि अपने 70 वर्ष के जीवन में उसने एक भी अच्छा काम नहीं…
अतिक्रमण और उन्हें हटाए जाने की सरकारी प्रक्रिया एक आम बात है किन्तु हल्द्वानी शहर 1992 में हटाये गए अतिक्रमणों…
काफल का तो नाम सुनते ही हर पहाड़ी यादों के गहरे समुद्र में खो जाता है. हर पहाड़ी के पास…
चारों युगों में बद्रीनाथ धाम चार अलग-अलग नामों से जाना गया है. सतयुग में बद्रीनाथ धाम का नाम मुक्तिप्रद क्षेत्र,…
यह उत्तराखण्ड के लिए कफल्टा में हुए दलित नरसंहार को याद करने का महीना है. मई 1980 उत्तराखण्ड के इतिहास…
-मनीष आज़ाद 26 फरवरी की रात 2012 को अमेरिका के ‘फ्लोरिडा’ नामक शहर में ‘ट्रायवान मार्टिन’ नामक व्यक्ति को ‘जिम्मरवान’…
हमारे अंचल में एक किस्सा प्रचलित है, कहा जाता है कि किसी जमाने में, जब पेड़-पौधे, पंछी-जानवर इंसानों की तरह…
आस बँधाते लोग, उम्मीद जगाती खबरें हम ऐसे दौर से गुजर रहे हैं जब पूरे देश में सांप्रदायिक घृणा भड़काने…
किसी जमाने की बात है. एक गांव में सास-बहू रहा करते थे. जैसा की पहाड़ों के हर घर में होता…