‘कल्पेश्वर महादेव’ जहां भगवान शिव के जटा रूप की पूजा होती है

4 years ago

चमोली जिले के हेलंग से लगभग 30 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है उत्तराखंड के पंचकेदार में पाँचवाँ केदार- कल्पेश्वर.…

संगज्यु और मित्ज्यु : कुमाऊं में दोस्ती की अनूठी परम्परा

4 years ago

अब तो जैसे संगज्यु और मित्ज्यु जैसे शब्द पहाड़ियों के बीच से गायब ही हो गये हैं. कुमाऊनियों के बीच…

कॉमनवेल्थ गेम्स में छाई उत्तराखंड की स्नेह राणा

4 years ago

राष्ट्रमंडल खेल में भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने अपना मैडल पक्का कर लिया है. राष्ट्रमंडल खेल में अब तक खेले…

आदमखोर बाघ और यात्री : पहाड़ी लोककथा

4 years ago

एकबार एक आदमखोर बाघ जंगल में किसी पिंजरे में फंस गया. बाघ ने बड़ी कोशिश की पर पिंजरा टूटे न.…

तीसमारखां : नवीन सागर की कहानी

4 years ago

नगरपालिका बनी तो सरकार ने प्रशासनिक अधिकारी भेजा. अधिकारी युवा था. लम्बे बाल रखता था और गजलें गाता था. बोलता…

पहाड़ की मत्स्य नीति

4 years ago

पहाड़ में पानी की कमी नहीं. चौमास आते ही पहाड़ की धरती उमड़-घुमड़ बादलों से घिर जाती है. बारिश की…

आज वीरेन डंगवाल का जन्मदिन है

4 years ago

वीरेन डंगवाल (5.8.1947,कीर्ति नगर,टिहरी गढ़वाल – 28.9.2015, बरेली,उ.प्र.) हिंदी कवियों की उस पीढ़ी के अद्वितीय, शीर्षस्थ हस्ताक्षर माने जाएँगे जो…

नेटफ्लिक्स में उत्तराखंड के पारम्परिक गहने

4 years ago

https://www.youtube.com/embed/NB28AI1Kgoc आजकल उत्तराखण्ड के पारंपरिक गहने पौंची और गलोबंद देश-विदेश में चर्चा में हैं. वजह है नेटफ्लिक्स की ताजा वेबसीरीज…

विद्यासागर नौटियाल की कहानी ‘जंगलात के सरोले’

4 years ago

ये चिपको वाले चैन नहीं लेने देंगे. पिछले कुछ वर्षों से पहाड़ पर तैनात डी.एफ.ओ. (डिविज़नल फॉरेस्‍ट ऑफीसर, प्रभागीय वनाधिकारी)…

जब टार्च जीवन का एक अनिवार्य हिस्सा थी

4 years ago

आजकल तो भाबर में अब शहर तो छोड़िए गांव-गांव बिजली की चमक पहुँच गयी है. चार दशक पहले ऐसा नहीं…