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पतंजलि गुरुकुल पर 4 अबोध बच्चों को बंधक बनाने का आरोप, शासन-प्रशासन की पहल से हुए रिहा

एलोपेथिक चिकित्सा पद्धति और कोरोना वॉरियर्स डाक्टरों के खिलाफ गैरजिम्मेदाराना बयान देने की वजह से चर्चित रामदेव के साथ एक नया विवाद जुड़ गया है. रामदेव के शिक्षण संस्थान गुरुकुलम पर 4 अबोध बच्चों को बंधक बनाने का आरोप है. (Patanjali Gurukul School Holds 4 Innocent Children Hostage)

हरिद्वार स्थित पतंजलि गुरुकुलम में वैदिक कन्या स्कूल के प्रबंधन ने 4 बच्चों को उनके अभिभावकों को सौंपने से मना कर दिया. इस संकट के मौके पर भी बच्चों के माता-पिता से प्रति बच्चा 50,000 रुपये देने पर ही स्कूल से घर भेजने की शर्त रखी गयी थी. सिक्योरिटी मनी के नाम पर इन चार बच्चों से 2 लाख रुपए मांगे जा रहे थे. चारों बच्चे छत्तीसगढ़ राज्य के गरियाबंद जिले के हैं.

बंधक बनाये गए बच्चों में 4 साल की कु. भाव्या सिन्हा व 5 साल का सुयश  सिन्हा एलकेजी के छात्र हैं. इसके अलावा 6 साल का झंसकेतन सिन्हा पहली कक्षा और 11 साल की झरना सिन्हा कक्षा-6 की छात्रा है.

परिजनों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन को बच्चों को अभिभावकों के सुपुर्द करने सम्बन्धी आवेदन भी स्कूल प्रबंधन द्वारा फाड़ दिए गए.

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हताश परिजनों ने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से बच्चों को मुक्त करने की गुहार लगायी. इसके बाद बघेल ने गरियाबंद के एसपी को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए. गरियाबंद एसपी और कलेक्टर ने इसके लिए टीम गठित कर आवश्यक कार्रवाई करते हुए बच्चों को स्कूल प्रबंधन के चंगुल से मुक्त किया.

परिजनों ने हरिद्वार के जिलाधिकारी और मुख्य शिक्षा अधिकारी को भी इस विषय में पत्र लिखकर बच्चों को छुड़ाने की गुहार लगाई.

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Sudhir Kumar

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