सिर पर पानी की बाल्टी में पानी ले जाती स्कूली बच्चियों की यह तस्वीर चम्पावत जिले की है. 2016 में…
सिसौण कहो या कंडाली- ये सब्जी हिम्मत वाली इस बार के पहाड़ी जायके को पढ़ने से पहले अपने अंदर हिम्मत…
मोहिनी सुंदर है. मोहिनी सुभग है. वह आज रेल के डिब्बे में सवार है. डिब्बा वातानुकूलित है. मोहिनी नवयौवना है.…
भारत में पलायन के रुझान दिखाने वाले जनगणना के नए आंकड़े पलायन के विषय में उत्तराखण्ड की बुरी होती जा…
बाघों की संख्या में उम्मीद से ज़्यादा बढ़ोत्तरी हुई है जो विलुप्ति की कगार पर खड़ी इस प्रजाति के लिए…
पहाड़ और मेरा जीवन -43 पिछली क़िस्त : हल चलाना, नौले से फौले में पानी भरकर लाना और घोघे की…
बागेश्वर जिले में शहर से डोबा-धारी-गिरेछिना से सोमेश्वर को एक पतली सी सड़क बनने से अब ज्यादातर लोग इसी मार्ग…
मशहूर इतिहासकार व लेखक राम चन्द्र गुहा ने कल यानी 28 जुलाई को ‘हिन्दुस्तान टाइम्स’ में छपे अपने एक लेख…
उत्तराखंड़ के गांवों की एकता, प्रेमचंद के उपन्यासों मे वर्णित भाइचारे की सच्ची झलक दिखलाती है. सांझा चूल्हा हो या…
आज के अख़बार में छपी यह दो खबरें उत्तराखंड सरकार का हाल बताने को काफ़ी हैं. एक तरफ़ सरकार के…