यात्रा पर्यटन

जर्मन की लड़ाई और रुद्रनाथ की चढाई

पनार बुग्याल के ऊपरी छोर वाले रास्ते पर अब हम चल रहे हैं. पनार चोटी के गले पर हार की…

3 weeks ago

200 साल पुराने  यात्रा-वृतांत में  कुमाऊँ के ‘खस’

उन्नीसवीं शताब्दी के आरंभिक दशकों में लिखे गए यात्रा-वृतांत भारत के सामाजिक, प्रशासनिक और भौगोलिक इतिहास को समझने के महत्त्वपूर्ण…

6 months ago

अजपथों से हिमशिखरों तक : हिमालय प्रेमी घुमक्कड़ों के लिए एक जरूरी किताब

'...कैंजा (मौसी) ने हमारे कीचड़-मिट्टी से सने कपड़े एक टब में भिगोकर छिपला की मिट्टी का पवित्र घोल बना लिया…

7 months ago

घुटनों का दर्द और हिमालय की पुकार

मॉं वर्षों पहले दुनिया छोड़ चली गई और उसके जाने के बाद मुझे पता चला कि वह मुझसे बहुत प्रेम…

9 months ago

कैंची धाम मेले के लिए उत्तराखंड पुलिस सजग, ये हैं खास तैयारी

हर साल की तरह, इस बार भी 15 जून 2025 को उत्तराखंड के प्रसिद्ध कैंची धाम में बाबा नीम करोली…

1 year ago

जीवन और मृत्यु के बीच की अनिश्चितता को गीत गा कर जीत जाने वाले जीवट को सलाम

मेरे नगपति मेरे विशाल... रामधारी सिंह दिनकर की यह कविता सभी ने पढ़ी होगी. इसके शब्दों, भाव में भी बहे…

2 years ago

1886 की गर्मियों में बरेली से नैनीताल की यात्रा: खेतों से स्वर्ग तक

(1906 में छपी सी. डब्लू. मरफ़ी की किताब ‘अ गाइड टू नैनीताल एंड कुमाऊं’ में आज से कोई 120 बरस…

2 years ago

उत्तराखंड: योग की राजधानी

योग की भूमि उत्तराखंड, तपस्या से भरा राज्य जिसे सचमुच देवताओं की भूमि कहा जाता है, हिमालय की गोद में…

2 years ago

मुखबा गांव का आतिथ्य

पहाड़ों की सुबह मेरे लिए कभी भी बिछुड़ी हुई अंतिम सुबह नहीं रही,यह हर साल आबो-हवा बदलने के लिए पहाड़ जाने…

2 years ago

गरतांग गली की रोमांचक यात्रा

पिता द्वारा सुनाये गये किस्से, कहानियां ताजीवन पिता से ही अपने होते हैं यह अपनापन मुझे गरतांग गली तक पहुंचते…

2 years ago