पवित्र धाम जागेश्वर को लेकर उत्तराखंड हाई कोर्ट ने महत्वपूर्ण आदेश पारित किया है. जागेश्वर और उसके आसपास के गांवों…
क्या आपने उत्तराखण्ड के अन्वाल समुदाय का नाम सुना है? यदि नहीं तो आज हम आपको उनकी कथा सुनाने जा…
उत्तराखंड सरकार पंचायतीराज एक्ट में यह प्रावधान करने जा रही है. पंचायत चुनाव लड़ने के लिए अब पढ़ा-लिखा होना जरूरी…
उत्तराखंड के सामाजिक गठन का एक अन्य वर्णेत्तर घटक है वनरौत या वनराजी. पिथौरागढ़ जनपद के अस्कोट खंड के निकटस्थ…
मोहिनीदी से फिर मुलाकात की उम्मीद कम होती जा रही है. अब कहां भेंट होगी! हमसे गांव कबके छूट गया.…
क्या आप सिर्फ नौकरी पैसों के लिए ही करते हैं. कहीं यह नौकरी आपकी सेहत को नुकसाान तो नहीं पहुंचा…
अमृतलाल वेगड़ और रजनीकांत के नर्मदा वृत्त के आगे यह नर्मदा की दुर्दशा की अगली कहानी है. शिरीष खरे की…
(पिछली क़िस्त – दिल्ली से तुंगनाथ वाया नागनाथ – 3) मैं दूकानों से थोड़ा आगे निकला और नीचे जंगल की…
हेडमास्टर साहब, मस्तमौला आदमी थे. टेंशन बिल्कुल नहीं पालते थे. बरसात के दिनों को छोड़कर, सालभर कक्षाएँ बाहर लगती थीं.…
24 अक्टूबर 1962, को चीनी आक्रमण के चलते रेजांगला की सुरक्षा का जिम्मा 13 कुमाऊं रेजीमेंट की सी (चार्ली) कंपनी…