Sundar Chand Thakur

इस लम्हे से पहले जो हुआ सब भूल जाइस लम्हे से पहले जो हुआ सब भूल जा

इस लम्हे से पहले जो हुआ सब भूल जा

यह बात ज्यादातर लोगों को बहुत नागवर लगेगी और बहुत क्रूर भी लेकिन हर पल बिना किसी दुख का, एक…

5 years ago
जीवन में पारदर्शिता ले जाएगी तनावों से पारजीवन में पारदर्शिता ले जाएगी तनावों से पार

जीवन में पारदर्शिता ले जाएगी तनावों से पार

 छात्र जीवन में मेरा एक सहपाठी था, जिसके पिता किसान थे और शहरी मानदंडों के हिसाब से गरीब. वह सहपाठी…

5 years ago
सिकंदर की तृष्णा और दार्शनिक फकीर डायोजनीजसिकंदर की तृष्णा और दार्शनिक फकीर डायोजनीज

सिकंदर की तृष्णा और दार्शनिक फकीर डायोजनीज

सिकंदर यानी अलेक्जेंडर तृतीय के बारे में तो हम सबने सुना ही है कि वह मेसीडोनिया यानी मकदूनिया, जो कि…

5 years ago
बबूल बोओगे, तो आम कहां से खाओगेबबूल बोओगे, तो आम कहां से खाओगे

बबूल बोओगे, तो आम कहां से खाओगे

जिन लोगों ने भौतिक विज्ञान पढ़ा है, वे न्यूटन के गति के तीसरे नियम से अवश्य परिचित होंगे. तीसरा नियम…

5 years ago
दुखी रहना कहीं आपकी आदत तो नहीं बन गया हैदुखी रहना कहीं आपकी आदत तो नहीं बन गया है

दुखी रहना कहीं आपकी आदत तो नहीं बन गया है

 थोड़ा-सा अटपटा तो लग सकता है, पर सच यही है कि हम अपनी मर्जी से ही दुखी होते हैं. कोई…

5 years ago
मैं पहाड़ों को जन्म से जानता हूं, अपने पिता की तरहमैं पहाड़ों को जन्म से जानता हूं, अपने पिता की तरह

मैं पहाड़ों को जन्म से जानता हूं, अपने पिता की तरह

सुन्दर चन्द ठाकुर के कॉलम पहाड़ और मेरा जीवन – अंतिम क़िस्त (पिछली क़िस्त:  मैं बना चौबीस रोटियों का डिनर…

5 years ago
मैं बना चौबीस रोटियों का डिनर करने वाला भिंडी पहलवानमैं बना चौबीस रोटियों का डिनर करने वाला भिंडी पहलवान

मैं बना चौबीस रोटियों का डिनर करने वाला भिंडी पहलवान

पहाड़ और मेरा जीवन – 66 (पिछली क़िस्त: और यूं एक-एक कर बुराइयां मुझे बाहुपाश में लेती गईं जिम शब्द का…

5 years ago
और यूं एक-एक कर बुराइयां मुझे बाहुपाश में लेती गईंऔर यूं एक-एक कर बुराइयां मुझे बाहुपाश में लेती गईं

और यूं एक-एक कर बुराइयां मुझे बाहुपाश में लेती गईं

पहाड़ और मेरा जीवन – 66 (पिछली क़िस्त: वो शेर ओ शायरी, वो कविता और वो बाबा नागार्जुन का शहर…

5 years ago
मनोज भट उर्फ गब्बू से पढ़े गणित के ट्यूशन के नहीं दिए गए पैसों का किस्सामनोज भट उर्फ गब्बू से पढ़े गणित के ट्यूशन के नहीं दिए गए पैसों का किस्सा

मनोज भट उर्फ गब्बू से पढ़े गणित के ट्यूशन के नहीं दिए गए पैसों का किस्सा

पहाड़ और मेरा जीवन – 57 (पिछली क़िस्त: बारहवीं में दसवीं के बच्चों को ट्यूशन पढ़ा यूं कमाए मैंने पैसे)…

5 years ago
बारहवीं में दसवीं के बच्चों को ट्यूशन पढ़ा यूं कमाए मैंने पैसेबारहवीं में दसवीं के बच्चों को ट्यूशन पढ़ा यूं कमाए मैंने पैसे

बारहवीं में दसवीं के बच्चों को ट्यूशन पढ़ा यूं कमाए मैंने पैसे

पहाड़ और मेरा जीवन-  56 मैं विद्यार्थी जीवन के दौरान और बाद में भी कई बार पैसों को लेकर थोड़ी…

5 years ago