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घुघुति-बासूती

पिछली कड़ी - सासु बनाए ब्वारी खाए घुघूती-बासूती…क्या खांदी?दुधु-भाती!मैं भी दे…जुठू छकैकू?मेरू!तेरी ब्वै कख?ग्वोठ जायीं.क्या कर्न?दूधु द्धेवणा!ग्वोठ को छ?गाय-बाछी.बाछी कन…

3 years ago

अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित विनोद कुमार शुक्ल

हमारे समय के सबसे महत्वपूर्ण किन्तु सबसे शांत कवियों में से एक विनोद कुमार शुक्ल की कविता `मुझे बिहारियों से…

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ठोस कचरा प्रबंधन और जलवायु परिवर्तन

करीब पिछले दो दशकों से जलवायु परिवर्तन का प्रभाव दुनिया भर में देखा जा रहा है. जलवायु परिवर्तन की इस…

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धामी के खिलाफ व्यूह रचना?

पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत एक बार फिर से बेहद सक्रिय हो गए हैं. फरवरी के महीने उन्होंने पहले गढ़वाल…

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उत्तराखण्ड के बीहड़ गाँव से दुनिया की सर्वश्रेष्ठ यूनिवर्सिटी तक ज्योति का सफ़र

उत्तराखण्ड के सीमांत जिले चमोली का एक छोटा सा कस्बा है देवाल. देवाल आसपास के गाँवों का ब्लॉक मुख्यालय तो…

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पशुपतिनाथ में शिवरात्रि

फागुन कृष्ण चतुर्दशी के दिन शिव-पार्वती विवाह के पर्व रूप में मनाई जाती है शिव रात्रि. मान्यता है कि इसी…

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सिंथिया स्कूल के बच्चे पढेंगे घुघूति बासूती

पहाड़ों में खिलते फ्यूंली और बुरांश को देखने जैसा सुकून देने वाली एक खबर हल्द्वानी से है. हल्द्वानी में एक…

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पांच साल के तेजस शतरंज में उत्तराखण्ड का भविष्य हैं

शतरंज की दुनिया में उत्तराखण्ड का एक सितारा अपनी चमक बिखेरने की पुरजोर तैयारी कर रहा है. इस नन्हे प्रतिभावान…

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सर्दियों में पहाड़ों की रातें

पूस की रातों में कांसे की थाली, ढोल-हुड़के की थाप पर देवता भी अवतरित किए जाते. कहीं गंगनाथ जू तो…

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उत्तराखण्ड में गोरखा शासन की क्रूर न्याय-प्रणाली और दण्ड-विधान

गोरखा शासनकाल उत्तराखण्ड में गोरख्याणी के नाम से जाना जाता है. सन् 1790 ई. में चैतरिया बहादुर शाह, सेनापति काजी…

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