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तब काठगोदाम से नैनीताल जाने के लिए रेलवे बुक करता था तांगे और इक्के

1906 में छपी सी. डब्लू. मरफ़ी की किताब 'अ गाइड टू नैनीताल एंड कुमाऊं' में आज से कोई 120 बरस…

7 years ago

डाना गैराड़ के कलबिष्ट देवता की जागर सुनिए

कुमाऊँ और गढ़वाल के पहाड़ों में प्रचलित जागर पूर्वजों की आत्माओं का आह्वान करने की पुरानी परम्परा है. आम तौर…

7 years ago

मोगैम्बो वाकई खुश हुआ: आज अमरीश पुरी के जन्मदिन पर गूगल ने बनाया डूडल

'मिस्टर इण्डिया' फिल्म में गहरी मरदाना आवाज में बोला गया अमरीश पुरी का डायलॉग - "मोगैम्बो खुश हुआ!" अपने आप…

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दारमा घाटी में दुग्तालों का गांव दुग्तू

दुग्तू पिथौरागढ़ जिले की दारमा घाटी का एक छोटा सा गांव है. पंचाचूली की गोद में बसा इस बेहद खूबसूरत…

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ओ ईजा! ओ मां! – पहाड़ की एक भीगी याद

बचपन से आज तक ईजा (मां) को कभी नहीं भूला. वह 1956 में विदा हो गई थी, जब मैं छठी…

7 years ago

धराली से सातताल का एक आसान और सुरम्य हिमालयी ट्रैक

उत्तरकाशी गंगोत्री रोड पर गंगोत्री से 21 किमी पहले एक छोटा सा पहाड़ी गाँव है धराली. धराली उत्तरकाशी-गंगोत्री हाइवे के…

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मेरि ड्यूटि बौडरा, घर में छू मेरि ईजा भौतै बिमारा – उदित नारायण का गाया पहाड़ी गीत

पहाड़ और फ़ौज का सम्बन्ध बहुत पुराना और अन्तरंग रहा है. पहले विश्वयुद्ध के समय से ही कुमाऊँ-गढ़वाल के वीरों…

7 years ago

ब्रिटिश एयरफोर्स से जंगलात की नौकरी तक का सफ़र : त्रिलोक सिंह कुंवर की आत्मकथा का तीसरा हिस्सा

(पिछली कड़ी: बाबू का घर छोड़ना और अकेले बालक का संघर्ष - त्रिलोक सिंह कुंवर की आत्मकथा का दूसरा हिस्सा)…

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‘न्यौली’ के बिना अधूरा है उत्तराखंड का लोकगीत

उत्तराखंड में जब भी लोकगीतों की बात होती है तो न्यौली अपना एक विशेष महत्व रखती है. न्यौली को न्योली…

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वर्ल्ड योगा डे स्पेशल : गट्टू भाई की विपश्यना

एक दिन घटिया चरस के सेवन ने गट्टू भाई की ऐसी गत बनाई कि वो लगातार अठत्तर घंटे सोते रहे.…

7 years ago