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तिब्बत में प्रवेश : राहुल सांकृत्यायन का यात्रा वृतांत

अब तो मैं तीसरी बार तिब्बत में प्रवेश कर रहा था, इस रास्ते यह दूसरी बार जा रहा था. पहले…

5 years ago

क्या पिछौड़ा, ऐपण, अल्पना आदि का ‘फैशन ट्रेंड’ सांस्कृतिक विरासत को प्रभावित करता है?

विरासतों का सृजनात्मक उपयोग और मौलिकता उत्तराखंड में महिलाओं द्वारा पहना जाने वाला परिधान पिछौड़ा, परम्परागत रूप से कुमाऊं मूल …

5 years ago

पहाड़ की कृषि आर्थिकी को संवार सकता है मडुआ

उत्तराखण्ड में पृथक राज्य की मांग के लिए जब व्यापक जन-आंदोलन चल रहा था तब उस समय यह नारा सर्वाधिक…

5 years ago

सीताबनी की बाघिन के योद्धा बनने की कहानी

सिताबनी रिज़र्व फ़ॉरेस्ट अपनी बेजोड़ जैव विविधता के लिए जाना जाता है चाहे वनराज हो, नागराज हो या गजराज हो…

5 years ago

प्रेत-मुक्ति : शैलेश मटियानी की कहानी

केवल पांडे आधी नदी पार कर चुके थे. घाट के ऊपर के पाट में अब, उतरते चातुर्मासा में सिर्फ घुटनों…

5 years ago

कहानी : बगावत की वजह

एक कस्बा था जहाँ सारी चीजों की मनाही थी. (Story Bagawat Ki Wajah) अब चूँकि सिर्फ गुल्ली-डंडा का खेल ही…

5 years ago

आवारा भीड़ के खतरे : हरिशंकर परसाई

एक अंतरंग गोष्ठी सी हो रही थी युवा असंतोष पर. इलाहाबाद के लक्ष्मीकांत वर्मा ने बताया - पिछली दीपावली पर…

5 years ago

शीतलाखेत : उत्तराखण्ड का सुंदर हिल स्टेशन

उत्तराखण्ड के कुमाऊं मंडल के खूबसूरत हिल स्टेशनों में एक शीतलाखेत भी है. एक पर्यटक स्थल के रूप में शीतलाखेत…

5 years ago

एक मध्यमवर्गीय कुत्ता : हरिशंकर परसाई

मेरे मित्र की कार बँगले में घुसी तो उतरते हुए मैंने पूछा, 'इनके यहाँ कुत्ता तो नहीं है?' मित्र ने…

5 years ago

कहानी : छाता

बसंत ऋतु की बारिश चीजों को भिगोने के लिए काफी नहीं थी. झीसी इतनी हलकी थी कि बस त्वचा थोड़ा…

5 years ago