छूट जाता है सब-कुछ छूट जाता है सब-कुछ, पर घर छूटता नहीं... इस बात पर मुझे बेपनाह यकीन था. इस…
एक ऐतिहासिक यात्रा : कृषि, विज्ञान और किसानों के सपनों की कहानी (Pantnagar University Green Revolution) आज जब हम भारत…
मनुष्य होने का मतलब क्या है? एआई से पूछें? लगता तो ऐसा ही है कि उसे ही यह ज़हमत देनी…
विनोद कापड़ी द्वारा निर्मित चर्चित फ़िल्म पायर "चिता" पूरे देश में रिलीज गई है. 26 साल पहले जब उत्तराखंड राज्य…
पिछली कड़ी : धन सिंह राणा ‘संघर्षनामा’ डॉ. रघुनन्दन सिंह टोलिया की पुस्तक, "द कुमाऊं हिमालया : आस्पेक्ट्स ऑफ हिस्ट्री,…
पहाड़ के एक छोटे-से गाँव में एक पिता रहता था. उम्र अब ढलने लगी थी, लेकिन उसकी आँखों में आज…
सांस्कृतिक परम्परा की दृष्टि से उत्तराखण्ड एक समृद्ध राज्य है. समय-समय पर यहां के कई इलाकों में अनेक पर्व और…
जाने-माने पत्रकार, साहित्यकार और फिल्म निर्देशक विनोद कापड़ी से कल शाम मुलाकात हुई. दरअसल,उनके निर्देशन में बनी फिल्म ‘पायर’ (चिता) इन दिनों…
उत्तराखंड की सांस्कृतिक राजधानी अल्मोड़ा के मुख्य आकर्षण में से एक रामलीला का मंचन इन दिनों अल्मोड़ा के विभिन्न मंचों…
लोग इसे पहाड़ और पलायन की कहानी की तरह देखेंगे. लोग इसे खंडहर होते जा रहे मकानों, परित्यक्त गांवों और…