माँ! मैं बस लिख देना चाहती हूं- तुम्हारे नाम

9 months ago

आज दिसंबर की शुरुआत हो रही है और साल 2025 अपने आखिरी दिनों की तरफ बढ़ रहा है. पेड़ों के…

धर्मेन्द्र, मुमताज और उत्तराखंड की ये झील

9 months ago

धर्मेन्द्र की मृत्यु की खबर ने दुनिया भर में उनके चाहने वालों को शोक में डाल दिया है. उनके लंबे…

महान सिदुवा-बिदुवा और खैंट पर्वत की परियाँ

10 months ago

बहुत समय पहले तिब्बत में सोनपाल नाम का एक राजा राज करता था. उसकी सात बेटियाँ थीं, जिनमें सबसे बड़ी…

स्याल्दे बिखौती मेला:  यहाँ आज भी जीवित है कत्यूरी काल की परंपराएं

10 months ago

उत्तराखंड के कुमाऊँ अंचल में मेलों और त्योहारों का इतिहास बहुत पुराना है. ऐसा ही एक ऐतिहासिक और प्रसिद्ध मेला…

नेहरू और पहाड़: ‘डिस्कवरी ऑफ इंडिया’ में हिमालय का दर्शन

10 months ago

हर साल 14 नवंबर देश में भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू का जन्मदिन बाल दिवस के रूप में…

डुंगरी गरासिया-कवा और कवी: महाप्रलय की कथा

10 months ago

यह कहानी है बहुत पुराने जमाने की, जब जंगल घने हुआ करते थे और उनमें भालू, भेड़िये, शेर, चीते, सियार…

घुटनों का दर्द और हिमालय की पुकार

10 months ago

मॉं वर्षों पहले दुनिया छोड़ चली गई और उसके जाने के बाद मुझे पता चला कि वह मुझसे बहुत प्रेम…

लिखो कि हिम्मत सिंह के साथ कदम-कदम पर अन्याय हो रहा है !

10 months ago

".. बहुत हुआ हे इष्ट देबो, जिन्होंने मेरे परिवार के साथ अन्याय किया, उनको अब तू ही समझना... गोल्ज्यू मेरा…

पुष्पदन्त और माल्यवान को मिला श्राप

10 months ago

महान हिमवत्, पर्वतों के राजा के रूप में प्रसिद्ध हैं और किन्नरों, गंधर्वों तथा विद्याधरों का निवास स्थान हैं. वे…

साधारण जीवन जीने वाले लोग ही असाधारण उदाहरण बनते हैं : झंझावात

10 months ago

जीवन की सबसे गहरी कहानियाँ अकसर वो होती हैं जो शब्दों में नहीं, रिश्तों की गंध में बसती हैं. 'झंझावात'…