Featured

दो लफ़्ज़ों की है दिल की कहानी

 Amore Mio
Dove Stai Tu
Sto Cercando
Sei Solo Mio
Amore Mio
Dove Stai Tu
Sto Cercando
Sei Solo Mio
दो लफ़्ज़ों की है
दिल की कहानी
या है मोहब्बत
या है जवानी
दो लफ़्ज़ों की है
दिल की कहानी
या है मोहब्बत
या है जवानी
Amore Mio
Instempo Vola
Prendello
Prendello
Amore mio
दिल की बातों का
मतलब न पूछो
कुछ और हमसे
बस अब न पूछो
दिल की बातों का
मतलब न पूछो
कुछ और हमसे
बस अब न पूछो
जिसके लिये है
दुनिया दीवानी
या है मोहब्बत
या है जवानी
ये कश्ती वाला
क्या गा रहा था
कोई इसे भी
याद आ रहा था
ये कश्ती वाला
क्या गा रहा था
कोई इसे भी
याद आ रहा था
किस्से पुराने
यादें पुरानी
या है मोहब्बत
या है जवानी
इस ज़िंदगी के
दिन कितने कम है
कितनी है ख़ुशियाँ
और कितने ग़म हैं
इस ज़िंदगी के
दिन कितने कम है
कितनी है ख़ुशियाँ
और कितने ग़म हैं
लग जा गले से
रुत है सुहानी
या है मोहब्बत
या है जवानी
दो लफ़्ज़ों की है
दिल की कहानी
या है मोहब्बत
या है जवानी

माना जाता है कि आर डी बर्मन ने किसी पुरानी इटालियन धुन से प्रेरित होकर इस धुन को हिंदी गाने के लिए  रचा. यह गीत आशा भोंसले का ऑल टाइम फेवरेट नंबर रहा है. गीत का इटैलियन पोर्शन शरद कुमार ने गाया. ग्रैंड कैनाल पर चलती हुई लंबी नौका में जब नाविक इटालियन गीत  ‘अमोरे मियो..’ गा रहा होता है, तो आशा भोंसले मीठे स्वर में इस गीत को ट्रांसलेट करती है. इस फेमस गोंडोला सॉन्ग को वेनिस (इटली) में ग्रैंड कैनाल में फिल्माया गया. फिल्म के अधिकांश दृश्य काहिरा, मेडिटेरेनियन योरोप, लिस्बन और वेनिस में फिल्माए गए.

इस कल्ट क्लासिक को बाद में ‘ऑटम लीव्स’ के रुपांतर के साथ भी गाया गया.

उत्तराखण्ड सरकार की प्रशासनिक सेवा में कार्यरत ललित मोहन रयाल का लेखन अपनी चुटीली भाषा और पैनी निगाह के लिए जाना जाता है. 2018 में प्रकाशित उनकी पुस्तक ‘खड़कमाफी की स्मृतियों से’ को आलोचकों और पाठकों की खासी सराहना मिली. उनकी दूसरी पुस्तक ‘अथ श्री प्रयाग कथा’ 2019 में छप कर आई है. यह उनके इलाहाबाद के दिनों के संस्मरणों का संग्रह है. उनकी एक अन्य पुस्तक शीघ्र प्रकाश्य हैं. काफल ट्री के नियमित सहयोगी.

काफल ट्री वाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिये यहाँ क्लिक करें: वाट्सएप काफल ट्री

काफल ट्री की आर्थिक सहायता के लिये यहाँ क्लिक करें

Sudhir Kumar

Recent Posts

कुमाऊँ की विलुप्त होती जन्माष्टमी पट्ट-चित्र परम्परा

कुमाऊँ में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी केवल भगवान कृष्ण के जन्म का धार्मिक पर्व नहीं रही है,…

2 days ago

बद्रीदत्त पांडे और इंद्र सिंह नयाल ने रखा था ‘उत्तराखंड राज्य की संकल्पना’ का वैचारिक आधार

पिछली कड़ी : पहले समाज बदलो, राज्य अपने आप सार्थक हो जाएगा : इंद्र सिंह नयाल इन्द्र…

5 days ago

आकर्षक कलेवर में आंचलिक परिवेश की किताब “टुकड़ा-टुकड़ा जिंदगी”

पूरी तरह आंचलिक परिवेश में तैयार, "टुकड़ा टुकड़ा जिंदगी" वरिष्ठ इतिहासकार डॉ निर्मल जोशी की नव प्रकाशित…

5 days ago

भूख न तीस न डर न फिकर छ्, मुट्ट बोटीं छन कसीं कमर छ्

ये सितंबर 1994 की सुबह थी जब खटीमा में पूर्व सैनिकों का जुलूस निकल रहा था. पूर्व…

5 days ago

उत्तराखण्ड के सरोवर

उत्तराखण्ड को सामान्यतः हिमालय, नदियों, झरनों और जलधाराओं की भूमि के रूप में जाना जाता है. किंतु…

5 days ago

दौड़ता अल्मोड़ा : फ़ोटो निबंध

पिछले 3 सालों से अल्मोड़ा के कुछ जागरूक युवा अल्मोड़ा मानसून मैराथन का आयोजन कर रहे हैं,जिसमें…

5 days ago