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मुल्क कुमाऊँ को ढुंगो ढुंगो होलो

लोकरत्न गुमानी पन्त के बाद जिस कुमाऊनी कवि का नाम आता है वह हैं कृष्ण पांडे. अल्मोड़ा जिले के पाटिया…

3 years ago

सबकी नजरें उत्तराखंड के आकाश मधवाल पर

पिछले दो दिनों से सोशियल मीडिया में एक नाम ट्रेंड कर रहा है – आकाश मधवाल. आईपीएल में मुम्बई इंडियंस…

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भारत के अलावा और कहाँ मिलता है ‘काफल’

इन दिनों पहाड़ को जाने वाली सड़कों के किनारे काफल की टोकरी लिये पहाड़ी खूब दिख रहे हैं. लोक में…

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नैनीताल की पहली यात्रा में एक स्थानीय के सिर पर पत्थर रख गये अंग्रेज

आज के समय नैनीताल किसी परिचय का मोहताज नहीं. पर एक समय ऐसा भी था जब लोग नैनीताल की स्थिति…

3 years ago

उत्तराखंड में वनाग्नि की समस्या पर एक जमीनी रपट

ऐतिहासिक दृष्टि से मानव सभ्यता के विकास में आग का महत्वपूर्ण योगदान है. पुरातत्ववेत्ताओं के अनुसार अफ्रीका में पैलियोलिथिक काल…

3 years ago

बकरी और भेड़िये

अल सुभह गांव के चौराहे वाले चबूतरे पर ननकू नाई उकड़ूं बैठकर अपने औजारों की सन्दूकची खोजने ही जा रहा…

3 years ago

1 मई और रुद्रप्रयाग का बाघ

यह लेख वरिष्ठ पत्रकार व संस्कृतिकर्मी अरुण कुकसाल की किताब ‘चले साथ पहाड़’ का एक अंश है. किताब का ऑनलाइन…

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छिपलाकोट अन्तर्यात्रा : जिंदगी धूप तुम घना साया

पिछली कड़ी - छिपलाकोट अन्तर्यात्रा : धूप सुनहरी-कहीं घनेरे साये "अब सुनो, ये जोहार के व्यापारी तिब्बत से व्यापार करने…

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खोज्यालि-खोज्यालि, मेरी तीलु बाखरी

https://www.youtube.com/embed/Vtrp3s-fXuo पशुपालक समाजों में पशु के गुण-विशेष से आत्मीयता बरती जाती रही है. नेगी जी ने गढ़वाल की प्राथमिक अर्थव्यवस्था…

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गुप्तकाल में कुमाऊं

कुषाण शासन के विघटन के उपरान्त उत्तर भारत में जिन राजाओं ने अपने छोटे-छोटे स्वतंत्र राज्य स्थापित किए उनमे से…

3 years ago