हैडलाइन्स

किताबों और शिक्षकों की मांग को लेकर पिथौरागढ़ के छात्रों का मौन प्रदर्शन

जैसा की हमने बताया था कि पिथौरागढ़ शहर के कालेज में पढ़ने वाले छात्र किताबों के लिए आन्दोलन कर रहे हैं. आज इन छात्रों को आन्दोलन करते हुये पन्द्रह दिन हो गये हैं लेकिन अब तक प्रशासन की ओर से इनकी किसी भी मांग पर कोई फैसला नहीं लिया गया है. क्या है इन छात्रों की मांग जिसकी प्रशासन इस कदर अनसुनी कर रहा है.

दरसल ये छात्र प्रशासन अपने लिए किताब और शिक्षक मांग रहे हैं. छात्र संघ के अध्यक्ष राकेश ने काफल ट्री को बताया कि

हमारी बस इतनी सी मांग है कि हमारे कालेज में किताबों के लिये फंड जारी किया जाय, हमें पढ़ाने के लिये शिक्षकों की नियुक्ति की जाय और सब-रजिस्ट्रार की समस्या का कोई समाधान निकाला जाय.

पिछले कई सालों में कुमाऊं यूनिवर्सिटी में सिवाय परीक्षा की तारीख पीछे करने के अलावा कभी कोई विरोध प्रदर्शन किया हो. आप अपने शहरों में दर्जन भर ऐसे छात्र संघ अध्यक्ष देख सकते हैं जो आज भी परीक्षा,महिना, दस दिन, हफ्ता पीछे कराने की डींगें हांकते हैं

आज जब अपने वाजिब अधिकारों की मांग यह छात्र संघ कर रहा है तो प्रशासन ध्यान नहीं दे रहा है. आन्दोलन का कर्म जरी रखते हुये आज पिथौरागढ़ के छात्रों ने कालेज से कलेक्ट्रेट तक मौन जुलूस निकाला. इस जुलूस में करीब डेढ़ सौ छात्र सामिल थे. इन छात्रों ने हाथ से बने पोस्टर लेकर कलेक्ट्रेट का घेराव किया.

छात्रों की परीक्षा भी चल रही है इसलिये आपको इनमें कुछ बच्चे हाथ में किताब और पोस्टर दोनों एक साथ लिए दिख जायेंगे.

छात्र संघ अध्यक्ष का कहना है कि हमें पूरे नगर से लोग समर्थन मिल रहा है. पन्द्रह दिन के आन्दोलन का एक प्रभाव यह रहा है कि आज डीएम ऑफिस से हमें संदेश भेजा गया कि पांच सदस्यी एक दल बातचीत के लिये भेजें लेकिन हमने इसे सिरे से ख़ारिज कर दिया है. हमारी मांग है कि पहले पुस्तकों के लिये फंड तय किया जाय शिक्षकों की की नियुक्ति की जाय और वीसी आकर आन्दोलन में शामिल बच्चों की समस्या ख़ुद सुनें.

आज के मौन प्रदर्शन का वीडियो देखें

आज के मौन प्रदर्शन की तस्वीरें : ( सभी तस्वीरें पिथौरागढ़ से शिवम पाण्डेय ने भेजी हैं.

-काफल ट्री डेस्क

वाट्सएप में पोस्ट पाने के लिये यहाँ क्लिक करें: वाट्सएप काफल ट्री

हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें: Kafal Tree Online

पर्वतारोहियों की मृत्यु की सूचना सम्मानपूर्वक दे सकने तक का समय नहीं है पिथौरागढ़ जिला प्रशासन के पास

काफल ट्री वाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिये यहाँ क्लिक करें: वाट्सएप काफल ट्री

काफल ट्री की आर्थिक सहायता के लिये यहाँ क्लिक करें

Girish Lohani

Recent Posts

हिमालय के गुमनाम नायक की कहानी

इस तस्वीर में आपको दिख रहे हैं "पंडित नैन सिंह रावत" — 19वीं सदी के उन महान…

1 day ago

भारतीय परम्परा और धरती मां

हमारी भारतीय परंपरा में धरती को हमेशा से ही मां कह कर पुकारा गया है. ‘माता…

2 days ago

एटकिंसन : पहाड़ आधारित प्रशासन का निर्माता

तत्कालीन नार्थ वेस्टर्न प्रोविनेंस यानी उत्तर प्रदेश के जिस ब्रिटिश अधिकारी ने उन्नीसवीं शताब्दी के…

1 week ago

बीमारी का बहम और इकदँडेश्वर महाराज का ज्ञान

संसार मिथ्या और जीवन भ्रम है, मनुष्य का मानना है वह जीवों में श्रेष्ठ व बुद्धिमान…

1 week ago

शकटाल का प्रतिशोध

पिछली कथा में हमने देखा कि कैसे योगनंद सत्ता तक पहुँचा, शकटाल ने अपने सौ पुत्र…

1 week ago

बजट में युवाओं के लिए योजना का ढोल है पर उसकी गमक गुम है

उत्तराखंड के आय व्यय लेखे 2026-27 को समझते हुए यह आशंका उभरती है की क्या…

1 month ago