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नीम करोली बाबा और कैंची धाम मेला

नीम करोली बाबा के अनुयायियों में हॉलीवुड एक्ट्रेस जूलिया रॉबर्ट्स, फेसबुक के मालिक मार्क जुकरबर्क और एप्पल के मालिक स्टीव जॉब्स का नाम लिया जाता है. नीम करोली बाबा के विदेशी अनुयायियों में सर्वाधिक संख्या अमेरिकियों की ही बताई जाती है.

1900 के आस-पास जन्मे नीम करोली बाबा जन्म एक ब्राह्मण परिवार में उत्तर प्रदेश के अकबरपुर गांव में हुआ था था. नीम करोली का वास्तविक नाम लक्ष्मण शर्मा था. 2016 में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाक़ात के दौरान फेसबुक के संस्थापक मार्क जुकरबर्क ने कहा था कि

मेरी कंपनी के इतिहास में भारत की खास जगह है. जब मैं इस कन्फ्यूजन में था कि फेसबुक को बेचा जाए या नहीं, तब एप्पल के फाउंडर स्टीव जॉब्स ने मुझे भारत के एक मंदिर में जाने को कहा था. वहीं से मुझे कंपनी के लिए नया मिशन मिला था.

मार्क ने जिस मंदिर के विषय में कहा माना जाता है कि वह नीम करोली बाबा का ही मंदिर था. द इकोनॉमिक टाइम्स और टेलीग्राफ में छपी एक ख़बर के अनुसार ट्रस्ट के सेक्रेटरी विनोद जोशी ने बताया कि “कुछ साल पहले अमेरिकी फिजिशियन और गूगल डॉट ओआरजी के पूर्व डायरेक्टर लैरी ब्रिलियंट ने उन्हें फोन किया था. लैरी ने बताया कि मार्क नाम का एक लड़का आश्रम आ रहा है. वह कुछ दिन रुकेगा.” मार्क दो दिन कैंची धाम में रुका था. हालांकि आधिकारिक रूप से मार्क ने कभी इसकी पुष्टि नहीं की है.

रिचर्ड एलपर्ट पहले बाबा नीम करोली के पहले अमेरिकी अनुयायी माने जाते हैं. रिचर्ड ने बाद में अपना नाम बदल कर रामदास रख लिया था. रिचर्ड ने अपनी किताब ‘मिरिकल ऑफ़ लव’ में नीम करोली बाबा के बहुत से चमत्कारों का वर्णन किया है.

नीम करोली बाबा को हनुमान का बहुत बड़ा भक्त माना जाता है. माना जाता है कि उनके द्वारा अपने जीवन काल के दौरान भारत में 108 हनुमान मंदिरों का निर्माण किया गया. नीम करोली बाबा कैंची धाम में वर्ष 1962 में पहुंचे.

कैंची धाम नैनीताल जिले के हल्द्वानी शहर से लगभग 45 किमी की दूरी पर है. 15 जून 1964 को बाबा नीम करोली ने कैंची धाम की नींव रखी थी तभी से हर साल 15 जून के दिन कैंची धाम में एक मेला आयोजित किया जाता है.

नीम करोली बाबा की मृत्यु सितंबर 1973 वृंदावन में हुई थी.

-काफल ट्री डेस्क

नीम करोली बाबा की दुर्लभ तस्वीरें – 1

नीम करोली बाबा की दुर्लभ तस्वीरें – 2

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Girish Lohani

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