फोटो www.dnaindia.com से साभार
इन दिनों इंडोनेशिया में एशियन गेम्स चल रहे हैं और भारत की हॉकी टीम छक्के बरसा रही है. केवल पुरुष हॉकी टीम ही नहीं बल्कि महिला हॉकी टीम भी इंडोनेशिया में छक्के मार रही है.
दरसल भारतीय महिला और पुरुष हॉकी टीम ने अब तक दो मुकाबले खेले हैं और दोनों में छः से ज्यादा गोल किये हैं. भारतीय महिला ओर पुरुष हॉकी टीम का पहला मुकाबला मेजबान इंडोनेशिया से ही था. जहां पुरुष वर्ग में भारतीय टीम ने इंडोनेशिया को 17-0 से हराया वहीं भारतीय महिला टीम ने इंडोनेशिया को 8-0 से पटखनी दी.
अपने दूसरे मैच में भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने हांकांग को 26-0 से हरा दिया. यह भारतीय पुरुष हॉकी टीम की अब तक की सबसे बड़ी जीत है. इससे 86 साल पहले ध्यानचंद के नेतृत्व में भारत ने 1932 के ओलम्पिक में अमेरिका को 24-1 से पराजित किया था. भारतीय पुरुष हॉकी टीम पहले दो मैचों में कुल 43 गोल दाग चुकी है. हांकांग के खिलाफ चार भारतीय खिलाडियों हरमनप्रीत सिंह, आकाशदीप सिंह, रुपिंदर पाल सिंह और ललित ने हैट्रिक लगाई है. भारतीय हॉकी टीम एशियन गेम्स में अपना गोल्ड पक्का कर टोकियो 2020 का टिकट हासिल करना चाहती है.
वहीं अपने दूसरे मैच में भारतीय महिला हॉकी टीम ने कजाकिस्तान को 21-0 से हरा दिया. गुरजीत कौर, नवनीत कौर, लालरेमसियामी और वंदना कटारिया ने हैट्रिक लगाई है. वन्दना कटारिया उत्तराखंड हरिद्वार की रहने वाली हैं. वन्दना कटारिया अब तक एशियन गेम्स 2018 में कुल पांच गोल दाग चुकी हैं. भारतीय महिला टीम अब 25 अगस्त को कोरिया और 27 अगस्त को थाईलैंड के खिलाफ अपने अगले मुकाबले खेलने उतरेगी.
एशियन गेम्स के पहले तीन दिनों में भारत चार स्वर्ण पदक के साथ पदक तालिका में छठे स्थान पर है. भारत ने अब तक कुल 11 पदक जीते हैं. पदक तालिका में चीन सर्वाधिक 33 स्वर्ण पदक के साथ प्रथम स्थान पर है.
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