Featured

सपने जैसा बिनसर सपने जैसी बर्फ

स्वप्न सा बिनसर! बिनसर हर मौसम में अपने अलग ही रूप और मिजाज में नज़र आता है, बर्फबारी के बाद इसे देखना और जीना एक सपने जैसा होता है जो हम जीते जागते देखते हैं. First Snowfall of the Season Binsar

बिनसर और प्रकृति के बीच होना आपके जीवन को सार्थक करता है, ऊपर वाले ने जो दुनिया रचाई थी वो शायद बिनसर जैसी ही रही होगी और इंसान ने जो दुनिया बनाई है वो हाल के दिनों में और ज्यादा खुल के सब के सामने आ गई है. First Snowfall of the Season Binsar

प्रदूषण तो बहुत बचपन से सुनते आ रहे थे पर अब हालात सांस लेने लायक भी नहीं बचे हैं.

इस सबके बावजूद हमारे शहरों और कस्बों में पेड़ काटे जा रहें हैं.

फिलहाल आप कल हुई 2019 की चौथी बर्फबारी का आनंद लीजिए इस संकल्प के साथ कि पेड़ों और हम सब के पर्यावरण को बचाने की कोशिश करेंगे ताकि ऐसी तस्वीरें हम हर साल बारम्बार देखते रहें. First Snowfall of the Season Binsar

(आलेख एवं फोटो: जयमित्र सिंह बिष्ट)

काफल ट्री के फेसबुक पेज को लाइक करें : Kafal Tree Online

इसे भी पढ़ें: कसारदेवी में चार चाँद लगाते पैयाँ के फूल

जयमित्र सिंह बिष्ट
अल्मोड़ा के जयमित्र बेहतरीन फोटोग्राफर होने के साथ साथ तमाम तरह की एडवेंचर गतिविधियों में मुब्तिला रहते हैं. उनका प्रतिष्ठान अल्मोड़ा किताबघर शहर के बुद्धिजीवियों का प्रिय अड्डा है. काफल ट्री के अन्तरंग सहयोगी.

काफल ट्री वाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिये यहाँ क्लिक करें: वाट्सएप काफल ट्री

काफल ट्री की आर्थिक सहायता के लिये यहाँ क्लिक करें

Kafal Tree

Recent Posts

कुमाऊँ की विलुप्त होती जन्माष्टमी पट्ट-चित्र परम्परा

कुमाऊँ में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी केवल भगवान कृष्ण के जन्म का धार्मिक पर्व नहीं रही है,…

1 day ago

बद्रीदत्त पांडे और इंद्र सिंह नयाल ने रखा था ‘उत्तराखंड राज्य की संकल्पना’ का वैचारिक आधार

पिछली कड़ी : पहले समाज बदलो, राज्य अपने आप सार्थक हो जाएगा : इंद्र सिंह नयाल इन्द्र…

5 days ago

आकर्षक कलेवर में आंचलिक परिवेश की किताब “टुकड़ा-टुकड़ा जिंदगी”

पूरी तरह आंचलिक परिवेश में तैयार, "टुकड़ा टुकड़ा जिंदगी" वरिष्ठ इतिहासकार डॉ निर्मल जोशी की नव प्रकाशित…

5 days ago

भूख न तीस न डर न फिकर छ्, मुट्ट बोटीं छन कसीं कमर छ्

ये सितंबर 1994 की सुबह थी जब खटीमा में पूर्व सैनिकों का जुलूस निकल रहा था. पूर्व…

5 days ago

उत्तराखण्ड के सरोवर

उत्तराखण्ड को सामान्यतः हिमालय, नदियों, झरनों और जलधाराओं की भूमि के रूप में जाना जाता है. किंतु…

5 days ago

दौड़ता अल्मोड़ा : फ़ोटो निबंध

पिछले 3 सालों से अल्मोड़ा के कुछ जागरूक युवा अल्मोड़ा मानसून मैराथन का आयोजन कर रहे हैं,जिसमें…

5 days ago