पहाड़ के खोईक भिड़ महज घरों के आगे की निर्जीव दीवार भर नहीं हुआ करती बल्कि यहां के पारिवारिक, सामाजिक…
दीपावली की पहचान खील-खिलौने और बताशों से ही है जनाब. उम्र के सौ वर्ष पूरे चुके हल्द्वानी वनभूलपुरा निवासी रियाज़…
दिवाली में जिस धान्य का सबसे ज्यादा प्रयोग होता है वह है धान. धान को शुभ माना जाता है. देवता…
पिछले एक महीने में अपने शोध कार्य को लेकर केदारनाथ की यह मेरी दूसरी यात्रा थी. हर बार की तरह…
पहाड़ की सड़कों पर अभी गाड़ियों की कमी थी. रोडवेज और केमू की बसें ही लोगों की यात्रा का सहारा…
माल्टा सुनकर देश और दुनिया के लोगों के दिमाग में भले यूरोप का सबसे छोटा देश आता हो पर एक…
जीवन का लक्ष्य क्या होना चाहिए, इस बारे में पिछले दिनों एक बहुत ही रोचक कथा पढ़ने को मिली. आप…
पुस्तक समीक्षा यह पुस्तक प्रोजेक्ट म्यूस के अन्तर्गत सन् 2017 में यूनिवर्सिटी औफ ईलिनौय प्रेस द्वारा छापी गयी है जिसके…
मुंबई के प्रसिद्ध बांद्रा-वर्ली सी लिंक से गुजरते हुए जो पहला खयाल दिमाग में आया था वो ये कि जब…
पहाड़ में पेड़ पौंधों के प्रति आदर का भाव रहा है इसीलिए उन्हें वनदेवता-वनदेवी के रूप में धार्मिक आधार मिला.…