पिथौरागढ़ विधानसभा के उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी चंद्रा पंत को जीत हासिल हुई है. कद्दावर भाजपा नेता प्रकाश पंत के असामयिक निधन के बाद पिथौरागढ़ विधानसभा सीट खाली हुई थी. (BJP’s won Pithoragarh by-election)
इस सीट पर भाजपा ने प्रकाश पंत की पत्नी चंद्रा पंत पर दांव लगाया था, हालाँकि प्रकाश पंत के भाई को भी टिकट मिलने की संभावना अंतिम समय तक व्यक्त की जा रही थी.
कांग्रेस के दमदार प्रत्याशी मयूख महर द्वारा चुनाव लड़ने से इनकार करने पर कांग्रेस ने अंजू लुंठी को मुकाबले में उतारा था.
चंद्रा पंत ने कांग्रेस प्रत्याशी अंजू को 3267वोटों के अंतर से पराजित किया. इसी के साथ चंद्रा पंत पिथौरागढ़ विधानसभा सीट से जीतने वाली पहली महिला विधायक भी बन गयी हैं. इस तरह चंद्रा पंत पिथौरागढ़ की पहली महिला बनकर इतिहास में दर्ज हो गयी हैं.
एकतरफा मानी जा रही इस सीट पर अंजू लुंठी ने चंद्रा पंत को कड़ी टक्कर दी. इस कड़े मुकाबले को देखकर कहा जा सकता है कि मयूख महर के चुनाव लड़ने की स्थिति में नतीजे कुछ और ही हो सकते थे.
इस सीट पर सपा प्रत्याशी मनोज भट्ट चौथे स्थान पर रहे, 844 वोटों के साथ नोटा को तीसरा स्थान मिला.
पिथौरागढ़ विधानसभा सीट पर 25 नवम्बर को मतदान सम्पन्न हुआ था. इस उपचुनाव में 105711 मतदाताओं में से कुल 50191 मतदाताओं ने अपने मतदान का प्रयोग किया था. यह पिथौरागढ़ सीट पर अब तक का सबसे कम मतदान प्रतिशत (47.48 प्रतिशत) भी रहा.
उत्तराखंड के वित्त मंत्री प्रकाश पंत का लम्बी बीमारी के बाद अमेरिका में निधन हो गया.
वे उत्तराखंड की राजनीति में कद्दावार नेता माने जाते थे. उन्हें साफ़-सुथरी राजनीति करने वाला नेकदिल इंसान माना जाता था. वे वित्त मंत्रालय के साथ ही आबकारी, पेयजल, संसदीय कार्य, विधायी कार्य, व्यावसायिक कर व अन्य कई विभाग भी संभाल रहे थे. (BJP’s won Pithoragarh by-election)
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