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मोगैम्बो वाकई खुश हुआ: आज अमरीश पुरी के जन्मदिन पर गूगल ने बनाया डूडल

‘मिस्टर इण्डिया’ फिल्म में गहरी मरदाना आवाज में बोला गया अमरीश पुरी का डायलॉग – “मोगैम्बो खुश हुआ!” अपने आप में एक कल्ट बन चुका है. अमरीश पुरी आज ही के दिन पंजाब के एक गाँव में साल 1932 में पैदा हुए थे. (Amrish Puri Birthday Google Doodle)

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आधा दर्ज़न से अधिक भाषाओं की करीब दो सौ फिल्मों में अभिनय कर चुके इस कलाकार को श्रद्धांजलि के तौर पर गूगल ने आज का डूडल अमरीश पुरी को समर्पित किया है. पुणे में रहने वाले कलाकार देबांशु मौलिक ने इसे बनाया है. (Amrish Puri Birthday Google Doodle)

थियेटर में अपना सिक्का जमा चुके अमरीश पुरी को फिल्मों में पहला रोल तब मिला था जब वे 39 साल के हो चुके थे. उनके दो बड़े भी मदन पुरी और चमन पुरी पहले ही हिन्दी की मेनस्ट्रीम फिल्मों में कैरेक्टर आर्टिस्ट्स का रोल कर रहे थे. साल 1954 में अमरीश ने एक फिल्म में लीद रोल के लिए ऑडिशन दिया लेकिन उसमें वे असफल रहे. थियेटर में अगले सत्रह साल बिताने के बाद उन्हें अंततः बौलीवुड की फिल्म ‘रेशमा और शेरा’ में पहला रोल मिला. इस फिल्म में उन्होंने रहमत खान की भूमिका निभाई थी. एक दशक बाद वे ‘गांधी’ फिल्म में खान का रोल कर रहे थे.

हॉलीवुड की बड़ी फिल्म ‘इंडियाना जोन्स एंड द टेम्पल ऑफ़ डूम’ में उन्होंने निर्देशक स्टीवन स्पीलबर्ग के साथ काम किया और फिल्म में मोलाराम का किरदार निभाया.

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अपने पूरे जीवन को सतत संघर्षों से गुजरते हुए ऐसी बड़ी बड़ी मंजिलों तक पहुंचे इस बड़े कलाकार की 12 जनवरी 2005 को बंबई के हिंदुजा अस्पताल में मृत्यु हुई.

अमरीश पुरी पर डूडल बनाकर गूगल ने इस बड़े कलाकार को याद करने के अलावा भारतीय बाजार में अपनी लोकप्रियता में चार चाँद लगाने का काम भी किया है.

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