ये हैं उत्तराखण्ड की सात महत्वपूर्ण स्त्रियाँ

7 years ago

पहाड़ में महिलाओं के जीवन का नाम ही संघर्ष है. विषम भौगोलिकता के बावजूद पहाड़ की महिलायें राष्ट्रीय और अन्तराष्ट्रीय…

इतिहास का खज़ाना है बिनसर की खाली एस्टेट

7 years ago

बिनसर की खाली एस्टेट अल्मोड़ा के नज़दीक स्थित बिनसर (Binsar) वन्यजीव अभयारण्य अपनी ख़ूबसूरती के लिए खासा प्रसिद्ध है. इस…

नैनीताल लोकसभा सीट से कोश्यारी फिर होंगे भाजपा प्रत्याशी?

7 years ago

नैनीताल लोकसभा सीट पर भाजपा नेताओं ने चुनाव के लिहाज से अपनी राजनैतिक सक्रियता बढ़ा दी है. पहले नैनीताल के…

मोत्दा-च्चा-बड़बाज्यू की दास्तान

7 years ago

यह विचित्र किस्म का नाम एक ही व्यक्ति का है, जिसमें एक साथ तीन रिश्तों के संबोधन पिरोए गए हैं.…

बगड़: तटीय भूमि पर बसे गाँव-कस्बे

7 years ago

उत्तराखण्ड के गढ़वाल व कुमाऊँ दोनों ही मंडलों में कई जगहों के नाम में बगड़ शब्द का इस्तेमाल हुआ करता…

हनुमान चौराहे का प्रेमालाप

7 years ago

ग्वालियर शहर की एक पुरानी सड़क, जिसका नाम नई सड़क था, के एक प्रसिद्ध चौराहे पर वो उसका इंतज़ार कर…

पिथौरागढ़ की होली के बहाने पहाड़ में होली के रंग

7 years ago

बुरांश, आड़ू-पुलम, पैयां-नाशपाती के फूलों से भरे हुए रंग-बिरंगे पेड़ इस बात का संकेत देते हैं कि होली के त्यौहार…

छछिया या छ्छेड़ो उर्फ़ छसिया: उत्तराखण्ड का पारंपरिक व्यंजन

7 years ago

छछिया का हिंदी अर्थ होता है एक बर्तन जिसमें मट्ठा रखा जाता है. लेकिन उत्तराखण्ड में यह एक अर्धतरल व्यंजन…

अनजाने संपेरे, नट और जादूगर

7 years ago

कहो देबी, कथा कहो – 36 पिछले कड़ी- कहो देबी, कथा कहो – 35 “कहो देबी, कहां चले गए थे?…

चंडी प्रसाद भट्ट का इंटरव्यू

7 years ago

चिपको आंदोलन से सम्बद्ध चंडी प्रसाद भट्ट एक जाने माने पर्यावरणविद् व सामाजिक कार्यकर्ता हैं. उन्हें 1982 में रेमन मैग्सेसे…