इतिहास

कुमाऊं का बारदोली था सल्ट का खुमाड़

कुलीबेगार से पहले कुमाऊं में सामाजिक हलचल: वर्ष 1942 में खुमाड़ सल्ट तथा सालम में जिस विद्रोह का प्रस्फुटन हुआ,…

7 years ago

2 सितम्बर का मसूरी गोली काण्ड : राज्य आंदोलनकारियों के खिलाफ़ एक सुनियोजित घटना

खटीमा के बाद बारी थी मसूरी की. 1 सितंबर 1994 की शाम को मसूरी झूलाघर स्थित नगरपालिका के पास के…

7 years ago

सिकुड़ते गॉंव, दरकते घर, ख़बर नहीं, कोई खोज नहीं

यह आलेख हमें हमारे पाठक कमलेश जोशी ने भेजा है. यदि आप के पास भी ऐसा कुछ बताने को हो…

7 years ago

राज्य आन्दोलनकारियों का मनोबल तोड़ने की पहली कोशिश थी खटीमा गोली काण्ड

1994  के बाद उत्तराखंड आन्दोलन में जबरदस्त जनउभार देखने को मिला. 1 सितंबर 1994 को खटीमा में करीब दस हजार…

7 years ago

मौजूदा दौर में मौजूं एक किताब की समीक्षा : ‘न्यूरेमबर्ग मुकदमा-एक रिपोर्ट’

- मनमीत  उत्तराखंड के मौजूदा जुझारू युवा पत्रकारों में मनमीत एक हैं. देहरादून में एक दैनिक अख़बार में नौकरी करते…

7 years ago

साबुन का इतिहास

सत्तर के दशक तक भारत में साबुन नाम की बला सामान्य व्यक्ति के जीवन में लगभग नहीं के बराबर हुआ…

7 years ago

1942 की सालम जन क्रांति की याद

प्रमोद साह हल्द्वानी में रहने वाले प्रमोद साह वर्तमान में उत्तराखंड पुलिस में कार्यरत हैं. एक सजग और प्रखर वक्ता…

8 years ago

भारत छोड़ो आंदोलन और कुमाऊं के वीर

9 अगस्त 1942 को सूरज की पहली किरण से पहले ही आपरेशन 'जीरो आवर' के तहत देश भर में कांग्रेस…

8 years ago

उत्तराखंड के नायक चन्द्रसिंह गढ़वाली की पुण्यतिथि है आज

भारत सरकार ने 1994 में उनकी फोटू वाला एक डाक टिकट जारी किया और नामकरण किये जाने से छूट गईं…

8 years ago

इतिहास को क्यों पढ़ा जाये?

उत्तराखंड का इतिहास - भाग 1 -गिरीश लोहनी इतिहास को पढ़ने से पूर्व दो महत्त्वपूर्ण सवाल यह आते हैं कि…

8 years ago