कॉलम

तूतू – मैंमैं

'आखिर हुआ क्या?' 'होना क्या था? वो हमें बाज़ार में मिले. हमे बहुत जाने-पहचाने से लगे.' 'फिर?' 'हम भी उन्हें…

7 years ago

भगवान शिव के विषय में मजाक-छेड़छाड़ भरा गीत

'बोल गोरी बोल, तेरा कौन पिया...' गीत, फिल्म मिलन (1967) का एक पॉपुलर गीत है, जो सुनील दत्त और जमुना…

7 years ago

व्यंग्य का जन्म किस प्रकार होता है?

कल एक मित्र का फोन आया. मित्र मुम्बई में हैं, और अभिनय के क्षेत्र में अपना नाम कमा रहे हैं.…

7 years ago

हेमवती नंदन बहुगुणा : इंदिरा युग में इंदिरा गांधी को चुनौती देने वाला राजनेता

अगर इतिहास में एक ऐसे व्यक्ति की खोज की जाय जो उत्तराखंड का हो और पहला ऐसा व्यक्ति हो जिसने…

7 years ago

भगवान तुलसीदास गलत नहीं लिख सकते

बुआजी के एक विधुर जेठ थे, जिन्हें घर के सब लोग ‘बड़े बाबजी’ पुकारते थे. मझोले कद के बड़े बाबजी…

7 years ago

गीतकार योगेश के गीत के लिए मुकेश को मिला इकलौता राष्ट्रीय पुरस्कार

पार्श्वगायक मुकेश ने हिंदी सिनेमा को एक-से-एक नायाब नगमे दिए. उन्हें फिल्मफेयर अवॉर्ड तो कई मिले (चार बार), लेकिन राष्ट्रीय…

7 years ago

बाजार ने हम सबको बिगड़ैल बच्चा बना दिया है

4G माँ के ख़त 6G बच्चे के नाम – चौथी क़िस्त पिछली क़िस्त का लिंक: पिता द्वारा टट्टी में सनी…

7 years ago

और भी थे इम्तिहां

कहो देबी, कथा कहो – 42 पिछली कड़ी- समय के थपेड़े ज़िंदगी जम कर इम्तिहां ले रही थी और हम…

7 years ago

आज चन्द्रसिंह गढ़वाली द्वारा पेशावर में की गयी एक ऐतिहासिक घटना की जयन्ती है

1994 में भारत सरकार ने उनकी फोटू वाला एक डाक टिकट जारी किया और नामकरण किये जाने से छूट गईं…

7 years ago

और मां ने सिन्ने यानी बिच्छू घास से लाल कर दी मेरी टांगे

पहाड़ और मेरा जीवन – 30 मैं बचपन से ही थोड़ा बेपरवाह मगर बहुत स्वाभिमानी रहा हूं. बचपन में मैं…

7 years ago