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हरिद्वार के मनसा देवी मंदिर में बसती है शिव की मानस पुत्री

मनसा देवी मंदिर हरिद्वार में स्थित मनसा देवी को समर्पित मंदिर है. मनसा देवी को शक्ति का एक रूप माना जाता है. हिमालय की शिवालिक चोटियों में स्थित मनसा देवी मंदिर मंदिर के संबंध में मान्यता है कि इसके दर्शन करने से मन की इच्छा पूर्ण होती है.

पौराणिक मान्यता

पौराणिक मान्यता अनुसार मनसा देवी शिव की मानस पुत्री माना जाता है. कहा जाता है कि वासुकी नाग द्वारा बहन की इच्छा करने पर शिव ने उन्हें इसी मनसा नामक कन्या भेंट की.

मनसा देवी की पूजा एक नाग देवी के रूप में होती है. मनसा देवी को विष देवी भी कहा जाता है. माना जाता है कि शिव को हलाहल विष पीने के बाद मनसा देवी ने ही बचाया था. मनसा की रक्षा के लिए ही हलाहल ने अपने प्राणों का त्याग भी किया.

एक अन्य पौराणिक मान्यतानुसार मनसा देवी का जन्म कश्यप के मस्तिष्क से हुआ था. ब्रह्मवैवर्त पुराण के अनुसार वह एक नागकन्या थी जो शिव और कृष्ण भक्त थी. उसने युगों तप कर शिव से वेदों की शिक्षा ग्रहण की और कृष्ण मंत्र का ज्ञान प्राप्त किया. पुष्कर में तप कर श्रीकृष्ण के दर्शन किये और हमेशा पूजित होने का वरदान प्राप्त किया.

हरिद्वार में मनसा देवी का मंदिर

हरिद्वार में मुख्य शहर से लगभग तीन किमी की दूरी पर शिवालिक पर्वत श्रेणी की बिल्व चोटी पर स्थित है मनसा देवी का मंदिर. बिल्व पर्वत पर स्थित होने के कारण यह बिल्व मंदिर नाम से भी जाना जाता है.

मनसा देवी को 51 सिद्धपीठों में एक माना जाता है. मनसा देवी का मंदिर हरिद्वार में स्थित पंचतीर्थों में से एक है

नवरात्रि के दिनों होती है भक्तों की भीड़

मनसा देवी के द्वार सुबह आठ बजे खुलते हैं और शाम पांच बजे बंद हो जाते हैं. यहां जाने के लिए रोपवे का प्रयोग किया जा सकता है या फिर पैदल डेढ़ किमी की खड़ी चढ़ाई चढ़नी होती है. नवरात्रि के त्यौहार के दौरान मंदिर परिसर में तिल रखने जितनी भीड़ भी नहीं होती है.

मनसा देवी के संबंध में मान्यता है कि यहां अपनी इच्छा की पूर्ति के लिए वृक्ष की शाखा पर धागा बांधते हैं. मनोकामना पूरी होने पर धागा खोलना होता है.

प्रारंभ में मनसा देवी को आदिवासियों की देवी ही माना जाता था लेकिन वर्तमान में भारत देश में हिन्दू समुदाय के सभी लोग मनसा देवी को पूजते हैं.

भारत में हरिद्वार के अलावा मनसा देवी के मंदिर राजस्थान में अलवर, हरियाणा में पंचकुला, प.बंगाल में कलकत्ता, बिहार में भागलपुर आदि स्थानों पर हैं.

-काफल ट्री डेस्क

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हरिद्वार के मनसा देवी मंदिर में बसती है शिव की मानस पुत्री

कामनापूर्ति मैया कोटगाड़ी भगवती का मंदिर

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Girish Lohani

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