उत्तराखण्ड के बागेश्वर में लगने वाला उत्तरायणी मेला ऐतिहासिक महत्व रखता है. (Uttarayani Mela Bageshwar 2020)
पुराने समय में यह मूलतः व्यापार आधारित था. दूर दराज से लोग खरीदारी करने यहाँ आते थे. तिब्बत से व्यापार करने वाले शौका व्यापारी भी यहाँ पहुँचते थे.
मेले के दौरान सरयू तट पर बसे बागेश्वर की चहल-पहल और रौनक देखने लायक होती है. इस दौरान उत्तराखण्ड की संस्कृति के विभिन्न रंग पूरे बागेश्वर को इन्द्रधनुषी बना देते हैं.
काफल ट्री टीम से अशोक पांडे ने बागेश्वर उत्तरायणी मेले में मौजूद हैं. इस वक्त निकल रही सांस्कृतिक झांकी की रंगारंग तस्वीरें उन्होंने भेजी हैं.
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Great , अब यह मेला हल्द्वानी से बागेश्वर transfer हो गया है क्या ?